अब जन्म प्रमाणपत्र के लिए न कोई फीस लगेगी और न ही चक्कर काटने पड़ेंगे, बल्कि यह घर बैठे ही मिल जाएगा। अपूरे देश में जन्म प्रमाण पत्र रजिस्ट्रेशन का एक ही सॉफ्टवेयर होगा। एक नवंबर को हरियाणा दिवस से पूरे प्रदेश में इसकी शुरुआत होगी। इसके लिए ओआरजीआई साफ्टवेयर बनाया गया है।
बर्थ रजिस्ट्रेशन के अलग-अलग तरीके हैं। इसके लिए कई तरह के दस्तावेज देने पड़ते हैं। साथ ही महीनों चक्कर काटना पड़ता है। इसके लिए अलग-अलग शुल्क भी देने पड़ते हैं। ओआरजीआई सॉफ्टवेयर से घर बैठे ही कोई भी जन्म का रजिस्ट्रेशन करवा सकेगा और प्रमाण पत्र हासिल कर सकता है। जन्म के साथ ही ऑनलाइन हाथों-हाथ डाटा दिया जा सकेगा। बच्चे के जन्म के 21 दिन के अंदर परिजनों को रजिस्ट्रेशन करवाना होगा।
इसके बाद कभी भी घर बैठे ही प्रमाण पत्र प्राप्त किया जा सकेगा। अगर अभिभावक फिर भी नगर परिषद में सर्टिफिकेट के लिए जाते है तो उन्हें अधिक से अधिक 10 रुपये ही चार्ज करने होंगे। यहां भी पहली कॉपी फ्री दी जाएगी। यानी जन्म प्रमाण पत्र के बदले चल रही मनमाफिक वसूली पर भी लगाम लगेगी।