गलत बिजली बिल भेजने को लेकर एक बार फिर उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम निशाने पर है। निगम ने किसी तरह गुजर-बसर कर रहे बुजुर्ग दंपति के घर लगभग तीन लाख का बिजली बिल भेजकर उन्हें सदमे में पहुंचा दिया है।
बेहद आर्थिक तंगी और घर से बाहर निकलने तक के काबिल नहीं रहने वाला यह दंपति अब निगम का दरवाजा खटखटाने की तैयारी कर रहा है। ककरोई रोड पर बुजुर्ग चेतराम का छोटा सा मकान है। यहां पर वह पत्नी के साथ जीवन की शाम काट रहे हैं।
आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने से घर में पंखा छोड़ और कुछ भी नहीं है। हालांकि इसके बावजूद निगम की तरफ से तीन लाख का बिल भेज दिया गया। चेतराम ने बताया कि दो महीने का बिल दो लाख 92 हजार, 585 रुपये भेजा गया है। जबकि इसके लिए बिल पर 38,651 यूनिट का खर्च दर्शाया गया है।
उन्होंने कहा कि निगम ने इस तरह का झूठा बिल भेजकर उनकी तबियत और बिगाड़ दी है। उनकी पत्नी ने बताया कि उन्हें तो घर चलाना मुश्किल हो रहा है। ऐसे में इतना अधिक बिजली यूनिट खर्च भला वह कैसे करेंगी। निगम ने लगभग तीन लाख का बिल भेजकर उनके साथ अन्याय किया है।
जब वह अपने इलाज के लिए पैसा नहीं जुटा सकती तो वह इतना बिल कहां से भरेंगी। चेतराम के एक पड़ोसी ने बताया कि बुजुर्ग दंपति को चलने-फिरने तक में दिक्कत होती है। घर में भी ऐसा कोई बिजली का सामान नहीं है, जिससे इतने यूनिट का बिल आ सकता है।
इस बारे में फिलहाल कोई जानकारी नहीं है। जब तक बिल को नहीं देखेंगे तब तक इस बारे में कहना मुश्किल है। शिकायत आने पर वह इस बिल की जांच कराएंगे। यदि बिजली निगम द्वारा गलत बिल भेजा गया है तो उसमें सुधार किया जाएगा।
-एसएन शर्मा, अधीक्षक अभियंता, उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम