हरियाणा प्रशासनिक अधिकरण प्रारूप को मंजूरी
बैठक में हरियाणा प्रशासनिक अधिकरण (प्रक्रिया) नियम, 2022 के प्रारूप को मंजूरी प्रदान की गई। यह नियम राजपत्र में इनके प्रकाशन की तिथि से लागू होंगे। उक्त संशोधन कानून एवं न्याय मंत्रालय द्वारा उठाए गए प्रश्नों के अनुपालन में किया गया है। संशोधन के बाद, हरियाणा प्रशासनिक अधिकरण (प्रक्रिया) नियमों के प्रारूप में केरल प्रशासनिक ट्रिब्यूनल (प्रक्रिया) संशोधन नियम, 2021 की तर्ज पर ई-फाइलिंग की प्रक्रिया जोड़ी गई है और पंचकूला में ट्रिब्यूनल की बैठक का भी उल्लेख किया गया है। वहीं, फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण और गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण में मुख्य कार्यकारी अधिकारी नियुक्त करने में अधिनियम को संशोधित किया गया है। पहले यहां पर प्रधान सचिव स्तर या इससे ऊपर के अधिकारी नियुक्त होते थे लेकिन अब यहां पर सचिव और इससे ऊपर के अधिकारी नियुक्त हो सकेंगे।
ग्रुप सी नियम 2022 को मंजूरी
हरियाणा राज्य अधीनस्थ लेखा सेवा (ग्रुप-सी) नियम, 2022 बनाने के प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान की। हरियाणा राज्य अधीनस्थ लेखा सेवा (ग्रुप सी) नियम, 2013 के लागू होने से पहले, हरियाणा राज्य अधीनस्थ लेखा सेवा (ग्रुप सी) नियम, 1982 लागू थे। उक्त नियमों में एक प्रावधान था कि वरिष्ठ लेखापरीक्षकों (अब अनुभाग अधिकारी के रूप में फिर से पदनामित) की नियुक्ति हरियाणा सरकार के अधिकारियों में से की जाएगी, जिन्होंने हरियाणा राज्य लेखा सेवा परीक्षा (साधारण शाखा) के दोनों भाग उत्तीर्ण किए हैं। हालांकि, हरियाणा राज्य अधीनस्थ लेखा सेवा (ग्रुप सी) नियम, 2013 में इन विनियमों के संबंध में प्रावधान शामिल नहीं किया गया था। इसलिए उपरोक्त त्रुटि को ठीक किया गया है।
वीआईपी नंबरों की होगी ई-बोली
वीआईपी नंबरों की ई-बोली होगी। पहले आओ पहले पाओ के आधार पर यह होगा। इसके लिए कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है। इससे पहले ही सरकार ने वीआईपी नंबरों को आम जनता के लिए छोड़ दिया था। अब ई-बोली के माध्यम से कोई भी व्यक्ति अधिक राशि देकर नंबरों को ले सकता है। मोटर वाहन मालिकों की सुविधा और प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित परिवहन विभाग ने वाहन रजिस्ट्रेशन नम्बर (प्रे-फ्रेशिंयल मार्क्स) की ई-नीलामी प्रणाली शुरू की गई है।