कांग्रेस के जिला स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलनों में न बुलाने से खफा पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने रविवार को रोहतक में ताकत दिखाई। उनके बुलावे पर यहां पार्टी के 13 विधायक और दो सांसदों ने पहुंचकर उनमें आस्था जताई।
एक तरह इस शक्ति प्रदर्शन से उन्होंने साफ कर दिया कि पार्टी के विधायकों में किरण चौधरी को छोड़कर एक भी पार्टी अध्यक्ष अशोक तंवर के साथ नहीं है। छोटूराम पार्क में आयोजित इस सम्मेलन में सभी विधायकों ने खुले मंच पर कहा, उनकी एक आवाज पर जहां वे कहेंगे, वहां खड़े मिलेंगे। सम्मेलन में सिर्फ विधायक किरण चौधरी नहीं थी।
पूर्व मुख्यमंत्री हुड्डा ने भी अपने भाषण में कहा, पीठ में छुरा घोंपने वालों को आप देख लेना, सीने में घोंपने वालों से मैं निपट लूंगा। कुछ मेरे भाइयों को भी गलतफहमी है, जो तुम ही तोड़ सकते हो। उन्हें भी समझना चाहिए कि हरियाणा की जनता किसके साथ है। बस जनता का साथ चाहिए, बाकी किसी के काबू नहीं आऊंगा। सम्मेलन के बाद जब उनसे छुरा घोंपने वालों के नाम पूछे गए तो कहा, जिन्हें समझाना था, उन्हें समझा दिया है और उनकी समझ में भी आ गया है।
रविवार सुबह करीब 11 बजे शुरू हुआ सम्मेलन शाम साढ़े चार बजे तक चला। हर विधायक को बोलने का मौका भी दिया गया। कुछ पूर्व विधायक और सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा व राज्यसभा सदस्य शादीलाल बतरा ने भी बात रखी। खास बात यह रही है कि हर विधायक ने वर्तमान सरकार को खूब कोसा तो बीच में बिना नाम लिए अशोक-किरण गुट पर भी निशाना साधा।
रणदीप सुरजेवाला को छोड़ बाकी सभी विधायकों व सांसदों के भाषण में एक बात समान रही। सभी ने भाषण के आखिरी में यह जरूर कहा कि वे पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के साथ हैं। उनकी एक आवाज पर जहां कहेंगे, वहां पहुंच जाएंगे। हरियाणा में हुड्डा के जितना बड़ा नेता कांग्रेस में और कोई नहीं है।