केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेतली ने शनिवार को कहा वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) के तहत पहली बार देश को आर्थिक तौर पर एक करने का सपना साकार हुआ है। ईमानदारी से टैक्स देने वालों के लिए जीएसटी में कोई झंझट नहीं होगा और न ही इंस्पेक्टर आएगा। होशियारी दिखाने वाले संकट में फंस सकते हैं। जेतली सतपाल मित्तल स्कूल में भारती फाउंडेशन के सत्य भारती अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे।
जेतली ने कारपोरेट सेक्टर से आह्वान किया है कि पंजाब को खुले में शौच मुक्त कराने एवं देश के विकास में अपना योगदान करें। इसके लिए केंद्र ौर राज्य सरकारें पूरी तरह से सहयोग का तैयार हैं। उन्होंने कहा कि देश के सर्वपक्षीय विकास को ध्यान में रख कर तय किए लक्ष्यों को पाने के लिए निजी क्षेत्र का सहयोग अनिवार्य है। उनका कहना है कि यदि हर निजी कंपनी कारपोरेट सोशल रिस्पांसिबिलिटी (सीएसआर) में अपने लाभ का दो फीसदी दे तो यह 15 हजार करोड़ बनता है। इसमें सरकारी हिस्सा जोड़ कर लोगों को कई तरह की बुनियादी सहूलियतें मुहैया कराई जा सकती हैं। जेतली ने कहा कि जीएसटी से आने वाले दिनों में कारोबारियों की दिक्कतें कम होंगी और देश विकास के रास्ते पर तेजी से आगे बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि विशेष दर्जा हासिल होने के बावजूद जम्मू कश्मीर में भी जीएसटी लागू हो रहा है। इससे वहां की इंडस्ट्री भी प्रफुल्लित होगी।
वित्त मंत्री ने कहा कि आज देश में विचारधारा की लड़ाई चल रही है। भाजपा की मंशा है कि देश मजबूत बने, देश को कमजोर करने वाली ताकतों को खत्म किया जाए। आतंकवाद के खिलाफ हमेशा ही भाजपा ने आवाज बुलंद की है। वहीं देश में ऐसे लोग भी हैं, जो फौज के खिलाफ अपशब्द कहने में भी गुरेज नहीं करते। मौजूदा सरकार ने कड़े फैसले करने की क्षमता है। आर्थिक मजबूती के लिए फैसले लिए जा रहे हैं। व्यवस्था को सरल बनाया जा रहा है।
जेतली ने जीएसटी को लेकर किसान एवं उद्यमियों के कई संगठनों से बातचीत की और उनसे ज्ञापन लिए। साथ ही उनकी समस्याएं खत्म करने का भरोसा दिलाया। इसके बाद उन्होंने दाना मंडी में भाजपा के जिला कार्यालय का शिलान्यास किया और कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। इस मौके पर पंजाब के वित्त मंत्री मनप्रीत सिंह बादल, तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा, शरणजीत सिंह ढिल्लों, महेश इंद्र सिंह गरेवाल, कमल शर्मा, रविंदर अरोड़ा, अरूण सरीन, परवीन बांसल मौजूद रहे।