कृषि कानूनों के विरोध में किसान संगठनों ने शुक्रवार को 12 घंटे भारत बंद का आह्वान किया है। भारत बंद सुबह 6 बजे से शाम 6 बजे तक रहेगा। किसानों ने सड़कों के साथ ही रेलमार्ग पर बैठने की बात कही है। इसके अलावा बाजार व अन्य प्रतिष्ठान बंद रखने के लिए हर किसी से सहयोग मांगा जा रहा है।
किसान नेताओं ने कहा है कि भारत बंद में शामिल होने के लिए किसी से जबरदस्ती नहीं की जाएगी। साथ ही किसी तरह से शांति व्यवस्था भी नहीं बिगड़ने दी जाएगी। इसके लिए संगठनों के नेता खुद भी नजर रखेंगे। टीकरी बॉर्डर पर हुई मुख्य सभा में किसान नेताओं ने किसानों से बंद को शांतिपूर्ण ढंग से सफल बनाने का आह्वान किया।
इधर, चंडीगढ़ स्थित किसान भवन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान पंजाब किसान यूनियन के अध्यक्ष रूलदू सिंह मानसा ने कहा कि केंद्र सरकार ने हमला करने में कोई कसर नहीं छोड़ी है लेकिन किसान संगठनों की सूझबूझ के कारण कृषि कानूनों के विरोध में आंदोलन अभी भी अच्छी तरह से चल रहा है। इस बार का भारत बंद कुछ अलग होगा, क्योंकि इस बार बंद 12 घंटे का रखा गया है। भारत बंद को अलग-अलग संगठन व ट्रेड यूनियनों ने भी समर्थन दिया है। इस दौरान किसान रेल पटरियों पर भी जाएंगे और रेल यातायात को ठप करेंगे।
217 स्थानों पर यातायात रोकने की खुफिया सूचना
किसान संगठन हरियाणा में 217 स्थानों पर यातायात रोक सकते हैं। सरकार को खुफिया सूचना मिली है कि किसान संगठन प्रदेश में राष्ट्रीय राजमार्ग पर 89, राज्य राजमार्ग पर 85, अन्य सड़कों पर 33 और रेलवे ट्रैक पर 10 जगह यातायात रोकने की तैयारी में हैं। दिल्ली बॉर्डर पर धरनास्थलों पर भी प्रदर्शन किए जाएंगे। सूचना के बाद डीजीपी मनोज यादव ने सभी जिलों में पुलिस अधिकारियों को शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश जारी किए हैं। कानून व्यवस्था बिगड़ने पर रोडवेज बस सेवा बंद रहेगी। स्कूल शिक्षा विभाग ने संस्कृति मॉडल स्कूल के लिए शुक्रवार को होने वाले पीजीटी अंग्रेजी और हिंदी के साक्षात्कार स्थगित कर दिए हैं।