चंडीगढ़। भारत-तिब्बत सीमा पुलिस के पूर्व सैनिकों का महासम्मेलन रविवार को आयोजित किया गया। अखिल भारतीय पूर्व भारत-तिब्बत सीमा पुलिस बल कर्मचारी कल्याण संघ की ओर से आयोजित इस वार्षिक महासम्मेलन में देशभर से आए पूर्व सैनिक शामिल हुए और सभी ने अपनी समस्याओं पर चर्चा की। इस दौरान संघ की उपलब्धियों पर भी प्रकाश डाला गया।
महासम्मेललन में 1962 में गठित बल के पहले बैच के जवान तेजा सिंह व 1966 में बल के प्रथम बैच के अधिकारी एनके मिश्रा को विशेष ताैर पर सम्मानित किया गया। संघ के अध्यक्ष पूर्व आईजी एमएस भुर्जी ने बताया कि उनका संगठन इस समय देश का सबसे बड़ा अर्ध सैनिक कल्याण संगठन है। संगठन के महासचिव पूर्व आईजी केएस बाजवा ने बताया कि संघ ने देशभर में 12 स्थानों पर पूर्व सैनिक सम्मेलन कर उनकी समस्याओं का समाधान किया है।
कार्यक्रम में बल के पश्चिमी फ्रंटियर के अतिरिक्त महानिदेशक संजीव रैणा ने लद्दाख और कश्मीर में भुर्जी, बाजवा और अन्य अफसरों से ली गई ट्रेनिंग को याद करते हुए कहा कि वह आज जिस मुकाम पर हैं, वह इसी प्रशिक्षण का नतीजा है। संघ के उपाध्यक्ष पूर्व कमांडेंट देशराज शर्मा, पूर्व डीआईजी एनके मिश्रा, हरभजन सिंह, प्रेम सिंह ने भी कार्यक्रम में अपने विचार रखे। पूर्व सैनिकों ने खुलकर अपनी समस्याओं पर चर्चा की तथा संघ से मांग की कि इनका समाधान उच्च अधिकारियों से मिलकर कराया जाए।
संघ के अध्यक्ष ने बताया कि इस बारे में कई बार बल के महानिदेशक से बात हो चुकी है। कुछ मुद्दों का समाधान निकल आया है और कुछ पर विचार-विमर्श चल रहा है। कार्यक्रम में बल के पूर्व महानिदेशक गौतम कौल को श्रद्धांजलि भी दी गई। 1965 बैच के आईपीएस कौल का हाल ही में दिल्ली में निधन हो गया था।