लोग ध्यान दें। आज महाहड़ताल है। चंडीगढ़ के साथ पंजाब, हरियाणा के लोगों का पूरा दिन काफी मुश्किलों भरा रहने वाला है। दरअसल, चंडीगढ़, पंजाब, हरियाणा के लाखों कर्मचारी हड़ताल पर जा रहे हैं। केंद्रीय ट्रेड यूनियन के आहवान पर ये सभी कर्मचारी हड़ताल पर होंगे।
रोड सेफ्टी बिल, मंहगाई, आउटसोर्सिग, खाली पदों पर भर्ती सहित अन्य मांगों को लेकर हड़ताल रखी गई है। कर्मचारियों की हड़ताल के कारण परिवहन, बिजली और स्वास्थ्य सहित अन्य सेवाएं भी प्रभावित होने की आशंका जताई गई है। उधर प्रशासन ने भी दो सितंबर की हड़ताल के मद्देनजर सभी जिलों के प्रशासनिक अधिकारियों को ऐहतियात बरतने के निर्देश दिए हैं, ताकि आवश्यक सेवाएं बाधित न हो सके। साथ ही सरकार ने कार्यों में बाधा डालने वालों के साथ सख्ती से निपटने के आदेश दिए हैं।
दस केन्द्रीय ट्रेड यूनियनों एवं कर्मचारी संघों ने रखी हड़ताल
हड़ताल
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दस केन्द्रीय ट्रेड यूनियनों एवं कर्मचारी संघों ने दो सितंबर को राष्ट्रव्यापी हड़ताल में शामिल होने का फैसला लिया है। इनमें सरकारी विभागों, बोर्ड, निगमों और विश्वविद्यालयों के कर्मचारियों के अलावा मजदूर संगठनों के भी लाखों कर्मी शामिल होंगे। बिजली निगमों और रोडवेज सहित अन्य विभागों के कर्मी रात से ही हड़ताल पर होंगे।
को आर्डिनेशन कमेटी के कन्वीनर रघबीर चंद ने बताया कि चंडीगढ़ के सेक्टर-17 के ब्रिज मार्केट में कर्मचारियों की रैली होगी। इसमे बड़ी संख्या में कर्मचारी शामिल होंगे। पंजाब सीटू के वरिष्ठ उपप्रधान चंद्र शेखर ने बताया कि पूरे देश में हड़ताल है।
चंडीगढ़ में भारतीय जीवन बीमा निगम, बैंक, जीआईसी, बिजली विभाग, बीएसएनएल, डाक विभाग के कर्मचारी हड़ताल पर होंगे। को आर्डिनेशन कमेटी राकेश ग्रुप की ओर से सेक्टर-17 के नगर निगम कार्यालय के बाहर धरना दिया जाएगा। राकेश कुमार ने बताया कि धरना में बड़ी संख्या में नगर निगम व प्रशासन के कर्मचारी शामिल होंगे।
हड़ताल पर गए तो कटेगी पगार, नो वर्क नो पे का फरमान
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शुक्रवार को हड़ताल के आह्वान पर यूटी प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए कर्मचारियों को नो वर्क नो पे का सिद्धांत अपनाने की घोषणा कर दी है। प्रशासन ने विज्ञप्ति जारी कर यूटी पावरमैन यूनियन के सभी सदस्यों को काम पर आने के आदेश जारी किए हैं। ऐसा न करने पर उनकी एक दिन की तनख्वाह काटने का फैसला लिया है। प्रशासन ने बताया कि हड़ताल के आह्वान को देखते हुए उन्होंने वैकल्पिक व्यवस्था कर ली है।
अगर इस बीच कोई इलेक्ट्रिसिटी बाधित करने की कोशिश करता है तो उससे सख्ती से निपटा जाएगा। उन्होंने लोगों से भी इस मामले में सहयोग की अपेक्षा जताई है। वहीं कोऑर्डिनेशन कमेटी के कन्वीनर रघबीर चंद का कहना है कि वह प्रशासन की धमकियों से डरने वाले नहीं हैं। किसी भी तरह की परेशानी या बिजली बंद होने पर पुलिस कंट्रोल रूम में फोन किया जा सकता है। इलेक्ट्रिसिटी विभाग ने भी कुछ नंबर जारी किए हैं। कंट्रोल रूम सेक्टर-17 में 0172-2703242, सेक्टर-9 में 0172-2742370, 8054104570 और जन सुविधा केंद्र 0172-4639999 पर भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।