लालड़ू। अंबाला-चंडीगढ़ हाइवे पर स्थित दप्पर टोल प्लाजा पर टोल वसूली को लेकर भाकियू लखोवाल और राजेवाल के सदस्यों और टोल कर्मियों में बहस हो गई। किसानों ने दोपहर साढ़े 11 बजे करीब सवा घंटे टोल फ्री कर दिया और काफी वाहन बिना टोल दिए निकलते रहे। इस मौके पर किसानों ने रोष प्रकट करते हुए कहा कि उनके नेताओं को यूनियन से जारी पहचानपत्र के बावजूद उनसे टोल वसूला जा रहा है, जबकि पिछले साल हुए करार में टोल प्रबंधकों ने उन्हें टोल से छूट की बात कही थी। इस मौके पर पुलिस की मौजूदगी में टोल प्रबंधकों से काफी बहस हुई। इस दौरान सभी बैरियर्स पर टोल वसूली बंद करवा दी गई। टोल प्लाजा के सीआरओ दीपक अरोड़ा ने कहा कि करीब सवा घंटे टोल वसूली बंद रही। टोल फीस किसी की भी माफ नहीं की जा रही है। केवल 75 फीसदी तक छूट दी जाती है। इनमें इलाके के 18 गांवों के वाहन मालिक शामिल हैं। टोल में छूट देना एनएचएआई के हाथ में है। किसानों की बात एनएचएआई तक पहुंचा दी जाएगी। मंगलवार को इस बारे में फैसला आने की बात कहकर किसानों ने धरना खत्म किया। साथ ही कहा कि अगर उनकी मांगे न मानी गई तो फिर से टोल बंद करवाकर यहां पर पक्का धरना देंगे।