चंडीगढ़। स्वास्थ्य सचिव यशपाल गर्ग ने शुक्रवार को रोगी कल्याण समिति की बैठक की। स्वास्थ्य सचिव ने स्वास्थ्य निदेशक डॉ. सुमन सिंह को समिति के फंड में पड़े करोड़ों रुपये का उपयोग करने के लिए योजना बनाने को कहा। स्वास्थ्य सचिव ने कहा कि सरकारी अस्पताल के एसएमओ भी फंड के बेहतर उपयोग के लिए प्रस्ताव बनाकर दे सकते हैं।स्वास्थ्य सचिव यशपाल गर्ग ने बताया कि जीएमएसएच-16 के पास रोगी कल्याण समिति के फंड में 18 करोड़ रुपये पड़े हैं, इसमें से 12 करोड़ रुपये एफडी बचत खाते में हैं। इसी तरह सेक्टर-22 के सिविल अस्पताल के बचत खाते में 22 लाख रुपये, सेक्टर-45 के सिविल अस्पताल के पास 37 लाख रुपये में से 25 लाख रुपये एफडी बचत खाते में हैं। मनीमाजरा सिविल अस्पताल के बचत खाते में 42 लाख रुपये पड़े हैं। इस फंड के उपयोग के लिए बेहतर योजना बनाकर काम करने के निर्देश दिए गए हैं।
किराए से इन अस्पतालों की इतनी कमाई
अस्पताल किराए के रूप में आमदनी
जीएमएसएच-16 55 लाख रुपये प्रति माह
सिविल अस्पताल सेक्टर-22 11 लाख रुपये प्रति माह
सिविल अस्पताल सेक्टर-45 3.5 लाख रुपये प्रति माह
सिविल अस्पताल मनीमाजरा 11 लाख रुपये प्रति माह