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पीजीआई में दांतो के एक्सरे ठप

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चंडीगढ़। पीजीआई स्थित ओरल हेल्थ साइंस में दांतों के एक्सरे पिछले 15 दिनों से ठप पड़े हैं। एक मशीन डेढ़ महीने से खराब पड़ी है तो दूसरी 15 दिनों से। इससे मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। एक्सरे के लिए उन्हें पीजीआई से बाहर जाकर एक्सरे करवाना पड़ रहा है। इससे मरीजों का पैसा तो खर्च हो ही रहा है, साथ ही समय भी बहुत लगता है। कई बार तो मरीज जब एक्सरे करवाकर आते हैं, तब तक ओपीडी बंद हो चुकी होती है। ऐसी स्थिति में मरीज को अगले दिन आना पड़ता है। मरीजों का कहना है कि एक्सरे मशीन को खराब हुए काफी दिन बीत चुके हैं, मगर कोई भी इसे ठीक करवाने की दिशा में ध्यान नहीं दे रहा है।
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पीजीआई सूत्रों ने बताया कि ओरल हेल्थ साइंस में दो एक्सरे मशीन हैं। एक मशीन करीब डेढ़ महीने से खराब हो गई थी। उसके बाद सारा बोझ दूसरी मशीन पर आ गया। यहां पर एक्सरे हो रहे थे, मगर 15 दिन पहले अचानक यह मशीन भी खराब हो गई। सेंटर में इन दोनों मशीनों के अलावा कोई तीसरी मशीन नहीं है। ऐसे में मरीजों को बाहर से ही एक्सरे करवाने की मजबूरी है। पीजीआई के आसपास ऐसा कोई सेंटर नहीं है, जहां कम समय में एक्सरे हो सके। सेक्टर-16 में कुछ प्राइवेट क्लीनिक हैं, मगर वहां रेट ज्यादा है। आम मरीजों के लिए वहां पर एक्सरे करवा पाना थोड़ा मुश्किल है। ऐसे में मरीज सेक्टर-24 स्थित इंदिरा हॉली डे जाते हैं, जहां पीजीआई के रेट पर एक्सरे हो जाता है लेकिन वहां भी मरीजों की खूब भीड़ होती है। ऐसे में जल्दी नंबर आना आसान नहीं होता।
जिन लोगों को पता है कि सेक्टर-24 में एक्सरे हो जाता है, वे तो आसानी से पहुंच जाते हैं, मगर जिन्हें नहीं मालूम वे भटकते रहते हैं। सेक्टर-45 से पीजीआई पहुंचे रविंदर गिल का कहना है कि वे पिछले 15 दिन में दो बार आ चुके हैं। दोनों बार एक्सरे मशीन खराब मिली है। इतने बड़े संस्थान में तो एक ही दिन में मशीनें ठीक हो जानी चाहिए, क्योंकि यहां पर दूरदराज से मरीज आते हैं। वे लोग चाहते हैं कि पीजीआई के डाक्टर जो टेस्ट लिखते हैं, वो सारे टेस्ट पीजीआई में हों तो बेहतर रहेगा। पीजीआई में मरीजों का बोझ काफी ज्यादा है। इस मशीन पर 30-35 एक्सरे होने चाहिए थे, वहां पर 100-125 एक्सरे हो रहे हैं। मशीनें भी पुरानी हैं। ऐसे में मशीनों पर बोझ पड़ने का असर तो दिखना था।
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तीन नई मशीनों का दिया गया आर्डर
इस बारे में जब एचओडी डा. के गाबा से संपर्क किया गया तो उनका कहना है कि तीन नई मशीनों का पहले से ही आर्डर दिया जा चुका है। इस बीच मशीनें खराब हो गईं। हम लोग कंपनी के संपर्क में हैं। जल्द से जल्द से मशीनों के आने की संभावना है।
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