फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दूषित यमुना के लिए दिल्ली-यूपी जिम्मेदार : कंवरपाल

विज्ञापन
विज्ञापन
कांग्रेस विधायक आफताब अहमद ने गुरुग्राम कैनाल के दूषित होने का मुद्दा उठाया
विज्ञापन




अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। कांग्रेस विधायक आफताब अहमद ने सोमवार को गुरुग्राम कैनाल से चार जिलों में सप्लाई हो रहे दूषित पानी को लेकर सरकार को घेरा। उन्होंने कहा गुरुग्राम कैनाल से नूंह, पलवल, गुरुग्राम और फरीदाबाद में दूषित पानी सप्लाई हो रहा है। विधायक आफताब अहमद ने नूंह के उदाका और टपकन गांव का उदहारण देते हुए सदन के पटल पर कहा कि कई दर्जन लोग कैंसर जैसी बीमारियों का शिकार हो रहे हैं। इसलिए सरकार गंभीर होकर संज्ञान ले और दूषित पानी का समाधान किया जाए। सरकार ने इसके लिए क्या प्रबंध किए हैं। इस पर शिक्षा मंत्री कंवरपाल गुज्जर ने कहा-यूपी, दिल्ली और हरियाणा की ओर से दूषित पानी यमुना नदी में छोड़ा जा रहा है, जो ओखला बैराज के नीचे की ओर गुरुग्राम नहर में बहती है। गुरुग्राम कैनाल का दूषित पानी के लिए सबसे ज्यादा दिल्ली जिम्मेदार है। उन्होंने बताया कि यमुना का दिल्ली में 22 किलोमीटर का हिस्सा आता है, जो 75-80 फीसदी प्रदूषण के लिए जिम्मेदार है। विधायक के दूसरे सवाल के जवाब में मंत्री ने बताया कि इसके समाधान के लिए सरकार ने परिवहन मंत्री मूल चंद शर्मा की अध्यक्षता में 15 विधायकों व अधिकारियों की समिति गठित की है, जिसमें विधायक आफताब अहमद भी सदस्य हैं। दूषित पानी को नियंत्रित करने व वाटर ट्रीट मेंट की संभावनाओं को तलाश जा रहा है। बीते पांच सालों में 241 एमएलडी क्षमता के 22 एसटीपी स्थापित किए गए हैं, कुछ निर्मित किए जा रहे हैं कुछ की मंजूरी होनी है। इसके साथ ही सरकार 13 सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) और लगाएगी, जबकि 16 का निर्माण पहले ही चल रहा है। यमुना में प्रदूषण घोल रही फरीदाबाद की 89 औद्योगिक इकाइयों को हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने बंद कराया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें