चंडीगढ़। शहर को ड्रग फ्री बनाने के लिए पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया की ओर से चंडीगढ़ पुलिस को दी गई 30 सितंबर की डेडलाइन बुधवार को खत्म हो गई। करीब 20 दिन पहले तय की गई इस समय सीमा के बाद अब प्रशासक की टीमें खुद फील्ड में उतरकर जांच करेंगी कि शहर में नशीले पदार्थों की बिक्री कितनी रुकी है और किन इलाकों में अभी भी नशे का कारोबार जारी है। टीमों की रिपोर्ट सीधे प्रशासक को दी जाएगी। कटारिया ने 30 सितंबर तक शहर में नशीले पदार्थों की बिक्री पर रोक लगाने के निर्देश दिए थे। उन्होंने स्पष्ट किया था कि डेडलाइन तक बिक्री रोकने की गारंटी ली जा सकती है, लेकिन शहर को पूरी तरह नशामुक्त बनाने में समय लगेगा।