चंडीगढ़। लोकसभा चुनाव की रणभेरी बज गई। शनिवार को निर्चाचन आयोग के निर्देश पर चंडीगढ़ में भी आदर्श आचार संहिता लागू हो हो गई। लोकसभा चुनाव के लिए चंडीगढ़ में सातवें और अंतिम चरण में एक जून को मतदान होगा। यूटी के निर्वाचन विभाग ने इसकी तैयारियां शुरू कर दीं हैं। शहर के कुल 6,47,291 मतदाता अपना सांसद चुनेंगे। चुनाव की तिथि के साथ ही सियासी सरगर्मियां तेज हो गईं हैं। अब जनता की बारी है।लोस चुनाव को लेकर सीईओ, आरओ और ईआरओ के स्तर पर राजनीतिक दलों के साथ विभिन्न बैठकें आयोजित कर उन्हें समय-समय पर निर्देशों के बारे में नियमित रूप से जानकारी दी गई है। चुनाव की घोषणा के तुरंत बाद शनिवार को मुख्य निर्वाचन अधिकारी विजय नामदेव राव जडे़ की अध्यक्षता में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की गई और उन्हें आदर्श आचार संहिता के संबंध में आयोग के दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करने का अनुरोध किया गया।
आज की मतदाता सूची के अनुसार, चंडीगढ़ संसदीय क्षेत्र में कुल मतदाताओं की संख्या 6,47,291 है, जिनमें 3,35,060 पुरुष, 3,12,198 महिलाएं और 33 थर्ड जेंडर शामिल हैं। पूरे निर्वाचन क्षेत्र में 614 मतदान केंद्र स्थापित किए गए हैं जो 209 मतदान केंद्र स्थानों पर फैले हुए हैं। इन सभी मतदान केंद्रों पर आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार पेयजल, बिजली, फर्नीचर, छाया आदि जैसी सुविधाएं सुनिश्चित की गईं हैं। 139 मतदान केंद्रों को संवेदनशील घोषित किया गया है। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार वर्तमान चुनाव में सभी मतदान केन्द्रों पर वेबकास्टिंग की जाएगी।
जिला कॉल सेंटर स्थापित, टोल फ्री नंबर 1950 जारी
निर्वाचन क्षेत्र में टोल फ्री नंबर 1950 के साथ जिला कॉल सेंटर स्थापित किया गया है, जहां कोई भी निवासी कॉल कर अपने वोट और चुनाव के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकता है। मतदाताओं और नागरिकों की सुविधा के लिए टोल फ्री नंबर सातों दिन 24 घंटे चालू रहेगा। निवासी किसी भी समय इस नंबर पर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इसके अलावा, रिटर्निंग ऑफिसर का एक नियंत्रण कक्ष पहली मंजिल, सम्मेलन कक्ष, डीसी कार्यालय, सेक्टर 17 में स्थापित किया गया है। यह नियंत्रण कक्ष सभी शिकायतों के समाधान के लिए नोडल बिंदु के रूप में कार्य करेगा और इसमें शामिल विभिन्न टीमों के बीच समन्वय स्थापित करेगा। वरिष्ठ अधिकारियों को जनशक्ति प्रबंधन, प्रशिक्षण प्रबंधन, सामग्री प्रबंधन, परिवहन प्रबंधन, कम्प्यूटरीकरण, साइबर सुरक्षा और आईटी, स्वीप, कानून और व्यवस्था, भेद्यता मानचित्रण और सुरक्षा, ईवीएम प्रबंधन, आदर्श आचार संहिता, व्यय निगरानी के लिए नोडल अधिकारी के रूप में नामित किया गया है। स्वतंत्र, निष्पक्ष और सुचारू चुनाव सुनिश्चित करने के लिए शिकायत निवारण, उत्पाद शुल्क विभाग आदि को आदर्श आचार संहिता को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए 6 फ्लाइंग स्क्वाड टीमें, 6 स्टेटिक सर्विलांस टीमें, 4 वीडियो सर्विलांस टीमें और 4 वीडियो व्यूइंग टीमें गठित की गईं हैं।