चंडीगढ़। गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (जीएमसीएच) सेक्टर-32 में नर्सिंग ऑफिसर नियुक्ति मामले में फर्जीवाड़े की जांच अधर में होने के चलते 40 पदों के समाप्ति का खतरा बढ़ गया है। जांच जारी होने के चलते उन पदों पर दो साल में नियुक्ति नहीं हो पाई है। मानक के अनुसार दो साल तक खाली रहने वाले पद समाप्त कर दिए जाते हैं। इससे चयनित अभ्यर्थी चिंतित हैं क्योंकि नर्सिंग फर्जीवाड़े की जांच के चलते अब तक उनकी नियुक्ति प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी है।
बता दें कि जीएमसीएच 32 में नर्सिंग ऑफिसर के 182 पदों पर 2021 में भर्ती प्रक्रिया शुरू की गई थी। इसमें 2022 में लिखित परीक्षा के बाद परिणाम घोषित हुए थे। 2023 अप्रैल में नियुक्ति प्रक्रिया शुरू कर चयनित अभ्यर्थियों के साक्ष्यों की जांच कर तैनाती दी जा रही थी। इसी बीच 19 अप्रैल 2023 को फर्जीवाड़े का मामला सामने आ गया। इसके बाद प्रशासन के निर्देश पर प्रक्रिया को रोक दी गई। उसके बाद से तीन अलग-अलग कमेटियां जांच कर चुकी हैं, लेकिन सच्चाई सामने नहीं आ सकी है। हालांकि, मामले में अब तक तीन लोगों की गिरफ्तारी भी हो चुकी है। वहीं, अभ्यर्थियों के कंप्यूटर कोर्स सर्टिफिकेट में गड़बड़ी की जांच की प्रक्रिया भी पिछले 5 महीने से चल रही है जिसमें अस्पताल प्रशासन संबंधित संस्थाओं को पत्र लिखकर कोर्स की वैधता की पुष्टि करवा रहा है।
कोट
पद समाप्ति वाले मानक को लेकर प्रशासन ने केंद्र सरकार से मानकों की समीक्षा करने का अनुरोध किया है। इसके बाद ही इस पर कुछ निर्णय लिया जाएगा।
अजय चगती, स्वास्थ्य सचिव