चंडीगढ़। यूटी प्रशासक के सलाहकार धर्मपाल ने बुधवार को सभी अधिकारियों के साथ जीरकपुर सीमा का किया दौरा किया। उन्होंने यहां पर इंजीनियरिंग विभाग की तरफ से बनाए जा रहे वैकल्पिक रूट के कार्यों को देखा और इसे दो महीने में पूरा करने के आदेश दिए। साथ ही ट्रिब्यून चौक से जीरकपुर सीमा तक साइकिल ट्रैक बनाने का भी फैसला लिया। इसके लिए 9.68 करोड़ की मंजूरी दी है।
जीरकपुर के जाम से निपटने के लिए प्रशासन ने एक शॉर्ट टर्म प्लान बनाया है। योजना के अनुसार, एयरपोर्ट लाइटों से जीरकपुर की तरफ जाने वाली स्लिप रोड को चंडीगढ़ सीमा से पहले मुख्य सड़क में मिलाने के बजाय सीधा जीरकपुर में जोड़ दिया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि स्लिप रोड से मुख्य रास्ते पर उतरते समय भी जाम लगता है, इस जाम को खत्म करने के लिए ये योजना बनाई गई है। इस पर पिछले करीब एक महीने से काम चल रहा है। बुधवार को सलाहकार धर्मपाल मौके पर पहुंचे और लंबित कार्यों को दो महीने में पूरा करने के आदेश दिए। सड़क बनने के बाद एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट से जो लोग स्लिप रोड पर होंगे, उन्हें चंडीगढ़ बार्डर से पहले मुख्य रोड पर उतरना नहीं पड़ेगा और वो सीधे स्लिप रोड से ही जीरकपुर पहुंच जाएंगे। बता दें कि जीरकपुर के अंडरपास का काम काफी धीमी गति से चल रहा है। कई कारणों की वजह से इसमें देरी हुई है। नेशनल हाइवे होने की वजह से कई राज्यों के वाहन इस रास्ते से गुजरते हैं, इसलिए हर समय दोनों तरफ जाम लगा रहता है।
कहा-सौंदर्यीकरण का काम जल्द पूरा करें
साइकिल ट्रैक स्लिप रोड से अलग बनेगा। सलाहकार ने निर्देश दिए हैं कि चंडीगढ़ सीमा के सौंदर्यीकरण का काम भी जल्द पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि इस पूरे रूट को इस तरीके से मैनेज किया जाए, जिससे लोगों को परेशानी न हो। सलाहकार ने एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट के ब्लैक स्पॉट का भी दौरा किया। इस दौरे में उनके साथ वित्त सचिव विजय नामदेवराव जड़े, नगर निगम की आयुक्त आनिंदिता मित्रा, चीफ आर्किटेक्ट कपिल सेतिया, प्रशासन के चीफ इंजीनियर सीबी ओझा, पंजाब पीडब्ल्यूडी व अन्य कई अधिकारी उपस्थित रहे।
एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट से थोड़ा आगे जाकर ही लग जाता है जाम
फरवरी 2022 में अंडरपास बनाने का काम शुरू हुआ था। एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट से थोड़ा आगे जाते ही जाम नजर आ जाता है। दफ्तर आने-जाने के समय स्थिति बद से बदतर हो जाती है क्योंकि चंडीगढ़ में काम करने वाले कई लोग जीरकपुर, डेराबस्सी व अन्य जगहों पर रहते हैं। लोगों को चंडीगढ़ के बॉर्डर से पटियाला रोड तक पहुंचने में भी काफी समय लग जाता है। कई बार जाम में फंसे आधा घंटा हो जाता है। फ्लाई ओवर के नीचे से चंडीगढ़ जाने वाले वाहनों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है।