दो लाख रुपये रिश्वत लेते सीबीआई के हत्थे चढ़े इंप्लाइज प्रोविडेंट फंड ऑर्गेनाइजेशन (ईपीएफओ) के इनफोर्समेंट अफसर विजय रावत और बछत्तर सिंह के खिलाफ जांच एजेंसी ने सीबीआई की विशेष अदालत में चार्जशीट दायर कर दी है। दोनों को सीबीआई ने पिछले साल 30 नवंबर को रंगेहाथ गिरफ्तार किया था।
जांच एजेंसी ने दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम की धाराओं के तहत चार्जशीट पेश की गई है। केस की अगली सुनवाई 6 अप्रैल को होगी। दोनों आरोपियों को चार्जशीट की कॉपी सौंपने के बाद उनके खिलाफ आरोप तय हो जाएंगे और केस का ट्रायल शुरू होगा।
बता दें कि मोहाली निवासी जसबीर सिंह ने सीबीआई की एंटी करप्शन ब्रांच को शिकायत दी थी। उन्होंने कहा था कि ईपीएफओ में तैनात दो इनफोर्समेंट अफसर विजय रावत और बछत्तर सिंह कुछ दिन पहले मोहाली में उनकी कंपनी में आए थे।
दोनों ने कर्मचारियों के पीएफ जमा करने संबंधी रिकार्ड ईपीएफओ में देने को कहा था। साथ ही जांच उनके पक्ष में करने का भरोसा दिया था। आरोप के अनुसार दोनों ने फर्म के अफसर को फोन कर चार लाख रुपये की डिमांड की थी। सीबीआई ने शिकायत के बाद इसकी जांच की तो पुष्टि होने पर दोनों को पकड़ने के लिए ट्रैप लगाया।
आरोपियों ने दो लाख रुपये पहली किश्त के तौर पर लेने की बात स्वीकार की। दोनों ने शिकायतकर्ता को रिश्वत की रकम लेकर सेक्टर-17 स्थित ऑफिस के पास बुलाया। सोमवार सुबह सीबीआई ने सेक्टर-17 स्थित ईपीएफओ ऑफिस के पास ट्रैप लगाया और जैसे ही आरोपियों ने पैसे पकड़े तो सीबीआई ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।