चंडीगढ़ में 5 लोगों की जान चली गई।। मामला निकला विवाद का। ड्राइवर का लोगों से झगड़ा हुआ और बदला लेने के लिए उसने यह खौफनाक हत्याकांड अंजाम दे दिया।
प्रत्यक्षदर्शियों द्वारा दी गई जानकारी और परिस्थितियां साफ संकेत दे रही कि ट्रक ड्राइवर ने जानबूझकर ऐसा किया। बावजूद इसके पुलिस ने गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया। दूसरी ओर, पुलिस अभी तक आरोपी ड्राइवर को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। इससे मृतकों के परिजनों में रोष है। वे पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठा रहे हैं।
पुलिस की कार्रवाई पर ये सवाल उठे
1. आरोपी ट्रक चालक और मजदूरों के बीच रात साढ़े नौ बजे दो घंटे के दौरान दो बार विवाद हुआ और उसने सभी को जान से मारने की धमकी दी। वहां से बापूधाम पुलिस चौकी 100 मीटर दूर भी नहीं है। इसके बावजूद पुलिस को झगड़े की भनक तक नहीं लगी।
2. नौ इंच ऊंचे फुटपाथ पर ट्रक चढ़ने पर ड्राइवर को झटका लगने पर आसानी से पता लग जाता है। इससे पता चलता है कि ट्रक चालक ने जानबूझकर फुटपाथ पर ट्रक चढ़ाया।
3. अगर पुलिस यह मान रही है कि ट्रक चालक गलती से फुटपाथ पर चढ़ा है तो उसने चीख पुकार मचने पर ट्रक रोका क्यों नहीं।
4. ट्रक चालक ने वहां लगे नेट को भी तोड़ डाला। अगर उसे सोए मजदूर नहीं दिख रहे थे तो क्या 10 फुट ऊंचा नेट भी नहीं दिखा।
5. करीब 10 प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि ट्रक चालक से झगड़ा हुआ और फिर रात को उसने ट्रक से सोए लोगों को कुचल दिया। इसके बावजूद पुलिस गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर रही है।
6. ट्रक चालक करीब 50 मीटर तक लोगों को कुचलता चला गया। लेकिन रुका नहीं।
7. ट्रक चालक ने एक साइकिल को रौंदा और फिर नगर निगम के बड़े डस्टबिन से टकराकर रुक गया। इसके बाद ट्रक रुकने पर वह मौके से भाग खड़ा हुआ।
8. रात 1 बजे पुलिस कंट्रोल रूम पर इस मामले की सूचना दी गई और पीसीआर वहां 1:10 पर पहुंच गई। ट्रक चालक वहां से पैदल भागकर कितनी दूर जा सकता था। लेकिन पुलिस ने उसे पकड़ने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखाई।