साहा पुलिस के सिक्योरिटी एजेंट चंद्रभान को पंचकूला विजिलेंस की स्पेशल टीम ने दो हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ काबू किया है। टीम पंचकूला से डीजीपी विजिलेंस के निर्देश पर साहा पहुंची थी।
गिरफ्तारी के बाद एजेंट की सिविल अस्पताल में मेडिकल जांच करवाई गई। आरोपी को बुधवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा।
जानकारी के अनुसार साहा कस्बे के तंदवाल गांव के एक पीड़ित व्यक्ति ने साहा पुलिस के सिक्योरिटी एजेंट के खिलाफ डीजीपी विजिलेंस परमिंदर राय को शिकायत दी थी। इसके बाद डीएसपी राजपाल शर्मा के नेतृत्व में स्पेशल टीम का गठन किया गया जिसमें हेड कांस्टेबल जगतार, शाम लाल, राजेंद्र व कांस्टेबल अंशु कुमार, रविंद्र कुमार और अमित कुमार शामिल किए गए।
टीम मंगलवार शाम को डीएसपी विजिलेंस राजपाल के नेतृत्व में साहा के तंदवाल पहुंची। शिकायतकर्ता ने विजिलेंस को बताया था कि साहा पुलिस के सिक्योरिटी एजेंट ने उससे अपनी ही जमीन से मिट्टी उठाने पर बिना वजह पकड़ लिया था और उसे फंसाने की बात कही थी।
एजेंट ने उसे छोड़ने पर पांच हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। दो हजार रुपये सोमवार को ही दे दिए थे। बाकी राशि वसूलने के लिए मंगलवार का समय दिया था। मंगलवार को सिक्योरिटी एजेंट अपने तय समय और जगह पर रिश्वत की शेष राशि लेने पहुंचा।
शिकायतकर्ता ने आरोपी को दो हजार रुपये और दे दिए। इसी दौरान विजिलेंस टीम ने सिक्योरिटी एजेंट को काबू कर लिया। उसके पास से रिश्वत की राशि भी जब्त कर ली।
इस दौरान पंचायत अफसर संजय टांक बतौर ड्यूटी मजिस्ट्रेट उपस्थित रहे। डीएसपी राजपाल शर्मा के अनुसार अन्य ग्रामीणों की भी शिकायत थी कि आरोपी उनको बेवजह परेशान करता है।