सेक्टर-17 बस स्टैंड की बैक साइड शुक्रवार आधी रात को हुई लूट की जांच क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई। शनिवार रात को भी वारदात स्थल के पास खंभों पर बल्ब नहीं लगाए गए और अंधेरा छाया था।
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अमर उजाला की टीम ने शनिवार को दिन में और एक बार फिर रात में उसी समय घटनास्थल की परिस्थितियों को देखा। चंडीगढ़ जैसे शहर में भी प्रशासनिक व्यवस्था आम आदमी की सुरक्षा के प्रति कितनी लापरवाह है इसका खुलासा हुआ।
सोना व्यापारी समीर जैन को घायल कर दो लुटेरों ने दो बैग छीन लिए थे। समीर ने पुलिस को दोनों बैगों में एक करोड़ रुपये और आभूषण होने की जानकारी दी थी।
समीर जैन सेक्टर-48 में रहते हैं और सेक्टर-23 में उनकी दुकान है। पुलिस के अनुसार जैन ने बताया कि व्यापारिक काम से उनका अक्सर दिल्ली आना जाना रहता है।
लूट के वक्त पास ही खड़ी थी पीसीआर
वारदात के वक्त पीसीआर मुश्किल से तीस कदम की दूरी पर चाय के खोखे के पास थी। पुलिस के अनुसार समीर जैन को उनके भांजे ने कार से बस स्टैंड के बैक साइड छोड़ा और यूटर्न लेकर वापस चला गया।
समीर जैसी ही रैलिंग पार कर बस स्टैंड में घुसे अचानक दो युवकों ने उन पर पत्थर से प्रहार किया। वह घायल होकर गिर गए और लुटेरे बैग लेकर भाग गए।
समीर जैन चिल्लाए तो पीसीआर कर्मी पहुंचे और उन्हें लहूलुहान सेक्टर-16 अस्पताल में ले गए। जैन के सिर में सात टांके आए हैं।
चूक कहां वारदात के चंद मिनट बाद ही पीसीआर पहुंच गई मगर लुटेरों को ट्रेस नहीं कर सकी।
ये 5 सवाल जिनकी पुलिस को तलाश
भांजे ने जैन को ड्राप करने के बाद यू टर्न लिया, क्या वारदात उसके बाद हुई?शहर में जिस तरह अपराध बढ़ रहे हैं, उसमें इतनी बड़ी रकम ले जाने की क्या मजबूरी थी?इतनी बड़ी रकम का स्रोत क्या है? पुलिस की ओर से यह भी सार्वजनिक नहीं किया गया है।पुलिस ने क्या किया? पुलिस अभी तक लुटेरों को पकड़ने में नाकाम रही है। क्राइम ब्रांच ने समीर जैन के नजदीकियों से पूछताछ की है।लुटेरे कौन हो सकते हैं? लुटेरे जानकार हो सकते हैं और पहले से नजर रख रहे हों। मगर ऐसे लुटेरे तैयारी के साथ आते और पत्थर की जगह किसी हथियार का इस्तेमाल कर सकते थे।लूट का क्या कारण हो सकता है? इस इलाके में अक्सर अंधेरा रहता है। ऐसी जगह चोर उच्चकों के लिए मुफीद होती है। उन्होंने नशे के लिए लूट के इरादे से राहगीर को निशाना बनाया हो।
पत्थर मारकर किया व्यापारी को घायल
चंडीगढ़ में दो युवकों द्वारा एक व्यापारी पर पत्थर मारकर हमला करके एक करोड़ रुपये लूटने वारदात से हड़कंप मच गया।
घटना देर रात सेक्टर 17 के फायर ब्रिगेड के ऑफिस के पास हुई। व्यापारी का नाम समीर जैन बताया जा रहा है। वह सेक्टर-23 में स्थित गोल्ड हॉल मार्क की शॉप के मालिक है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंच कर छानबीन की और समीर जैन को सेक्टर 16 के जीएमसीएच में भर्ती कराया। अभी उनकी हालत गंभीर बनी हुई थी, जिसके चलते रात में उनके बयान दर्ज नहीं हो पाए।
अंधेरे का फायदा उठाकर दिया वारदात को अंजाम
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार सेक्टर-48 निवासी व्यापारी समीर जैन (45) को किसी काम से दिल्ली जाना था। उनका भतीजा तुषार उन्हें 12 बजे के करीब बस स्टैंड के पिछली तरफ छोड़कर गया।
वह वोल्वो पकड़ने के लिए बस स्टैंड के अंदर जाने लगे तभी अंधेरे में दो युवकों ने उनके सिर पर पत्थर से वार कर बुरी तरह घायल कर दिया। वे बेहोश होकर वहीं गिर गए। जबकि दोनों लुटेरे उनका पैसों से भरा काले रंग का बैग लेकर फरार हो गए। उसमें कुछ गहने भी बताए जा रहे हैं।
लहूलुहान समीर जैन को देखकर वहां मौजूद लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। पीसीआर कर्मियों ने उन्हें सेक्टर-16 के जनरल अस्पताल में भर्ती कराया। उनकी हालत गंभीर है। उन्हें इमरजेंसी में शिफ्ट कर दिया गया।
पुलिस ने लूट की सूचना वायरलेस पर फ्लैश कर दी। पुलिस ने शहर में नाकाबंदी कर वाहनों की तलाशी लेनी शुरू कर दी। देर रात क्राइम ब्रांच के डीएसपी जगबीर सिंह और अन्य अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए थे।
लूट की वारदात के बारे में अभी कुछ कहा नहीं जा सकता। व्यापारी से मारपीट हुई है, तो मामला में कुछ तो जरूर है। अभी जांच चल रही है। जल्द ही सच सामने आएगा। -गुरू इकबाल सिंह सिद्धू, डीएसपी सेंट्रल
व्यापारियों के साथ लगातार ऐसी वारदात हो रही हैं। सेक्टर-22 में करण ज्वैलर्स में लूट के बाद भी पुलिस ने लुटेरों को जल्द पकड़ने का दावा किया था। व्यापारियों की सुरक्षा बढ़ाने का दावा किया गया था मगर कुछ नहीं किया गया। प्रदीप कुमार, उपाध्यक्ष, चंडीगढ़ ज्वेलर्स कमेटी