स्टूडेंट वीजा पर भारत आकर इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल करने के बाद जब नाइजीरिया के एक युवक के पास अपने देश वापिस लौटने के लिए पैसे भी नहीं बचे तो वह नशा तस्करी करने लग गया। जिसे एसटीएफ ने हेरोइन तस्करी के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। आरोपी मोहाली, खरड़ के अलावा लुधियाना व फिरोजपुर में नशे का कारोबार चलाता था। उससे पुलिस ने 270 ग्राम हेरोइन बरामद की है। जो कि उसने ट्राईसिटी के ग्राहकों को सप्लाई करनी थी।
आरोपी की पहचान ममीसोमा निवासी नाईजीरिया के रूप में हुई है। जोकि मौजूदा समय में लांडरा स्थित टीडीआई में किराए के फ्लैट में रहता था। आरोपी को एसटीएफ ने अदालत में पेश किया। जानकारी के मुताबिक एसटीएफ टीम को सूचना मिली थी कि लांडरा की तरफ से एक नाइजीरियन हीरोइन की सप्लाई देने आ रहा है।
इसके बाद एसटीएफ की टीम सीधे सेक्टर-91 पहुंची। पुलिस ने जब उसे रोककर पूछा तो वह कुछ जवाब नहीं दे पाया। जब उसकी चेकिंग की गई तो उससे 270 ग्राम हेरोइन बरामद हुई। एसटीएफ ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसे अपने कब्जे में ले लिया। इसके बाद उस पर फेस-चार स्थित एसटीएफ के थाने में एनडीपीएस एक्ट की धारा के तहत मामला किया गया है।
2013 में स्टूडेंट वीजा पर आया था भारत
एसटीएफ से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपी ममीसोमा साल 2013 में स्टूडेंट वीजा पर मोहाली आया था। जिसके बाद वह अपने दोस्त के साथ लांडरा में फ्लैट किराए पर लेकर रहना लगा। ममीसोमा ने 2017 में एक नामी कालेज से मेकेनिकल की डिग्री ली और जब अपने देश नाईजीरिया वापिस जाने के लिए पैसे नहीं बचे तो उसे नशा बेचना पड़ा। ममीसोमा दिल्ली से 700 रुपये प्रति ग्राम हेरोइन लाकर मोहाली, चंडीगढ़ में 2700 रुपये से लेकर 3000 रुपये प्रति ग्राम के हिसाब से बेचता था।
पार्टनर के साथ मिलकर करता था काम
जानकारी के मुताबिक आरोपी ममीसोमा एक नाईजीरियन दोस्त ओबिना भी है जो कि इसका पार्टनर है। ओबिना शिवजोत खरड़ में फ्लैट लेकर रह रहा है। दोनों मिलकर हेरोइन सप्लाई करते थे। पुलिस ने बताया कि आरोपी के दोस्त को जल्द ही पकड़ लिया जाएगा।