राजपुरा-पटियाला हाईवे पर चितकारा यूनिवर्सिटी के गेट नंबर तीन के पास मंगलवार सुबह एक्सिस बैंक की कैश वैन लूट पूरी प्लानिंग से की गई। वहीं, इसमें शामिल आरोपी इलाके के पूरी तरह भेदी थे। इस बात का अंदाजा इस बात से लगाया जा रहा है कि आरोपी कैश लूटने के बाद जिस स्कार्पियो से भागे थे। पुलिस को पता चला है कि आरोपी चितकारा यूनिवर्सिटी के थोड़ा आगे से होकर आलमपुर गांव की तरफ मुड़ गए थे।
वह पकड़े जाने के डर से राजपुरा की तरफ गए ही नहीं थे। इसके बाद वह जीरकपुर की तरफ निकले थे। इस बात की लीड पटियाला की सीआईए टीम को मिल गई है। सूचना मिलने के बाद मौके पर पुलिस की टीम मौके पर भी गई थी। इसके अलावा सीआईए पटियाला की टीम ने कैश वैन के चालक को लेकर सेक्टर-34 स्थित बैंक में भी गई। वहां पर पूछताछ की गई है।
इससे पहला पता चला है कि आरोपी चंडीगढ़ स्थित एक्सिस बैंक की चेस्ट से गाड़ी के निकलते ही उसके पीछे लग गए थे। उन्हें रोड की स्थिति का पूरा अनुमान था कि कहां पर वह जाकर अपनी वारदात को अंजाम दे पाएंगे। इस दौरान स्कॉपियो कार कैश वैन के आगे चल रही थी। जबकि होंडा इमेज पीछे चल रही थी। जैसे ही यूनिवर्सिटी के तीन नंबर गेट के सामने पहुंचे तो वहां पर जगह टाइट है। स्कॉरपियों में सवार चालक ने ब्रेक लगा दी। साथ ही गाड़ी रोक दी।
इस दौरान अचानक हथियारों से लैस पांच आदमी वहां पर पहुंच गए। साथ ही उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी। इस दौरान उन्होंने पहले केश वैन के गनमैन को घायल किया। इसके बाद कैश वैन का टायर में गोली चलाई। इस दौरान उन्होंने उसके पीछे चल रही बसों को भी डराया। इसके बाद पीछे कार से एक आरोपी कटर लेकर आया। जिसके बाद कैश वैन की चेन काटी गई। इसके बाद उन्होंने अंदर से कैश से भरा ट्रक निकाला । साथ ही उसे लेकर फरार हो गए।
जींस पहनी हुई थी, चेहरे थे कवर
सीआईए टीम को जांच में मिले कई अहम सुराग
जींस पहनी हुई थी, चेहरे थे कवर
मौके पर सड़क बनाने के काम में जुटे लोगों ने बताया कि हमलावरों ने जींस व टीशर्ट पहनी हुई थी। उन्होंने अपने चेहरे कवर किए हुए थे। साथ ही पूरे जोश से उन्होंने उक्त वारदात को अंजाम दिया। इस दौरान उन्होंने अपनी बंदूके दिखाकर लोगों को धमकाया।
आरोपी साथ में बैग लेकर आए
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कैश लूटने वाले लोग पूरी तैयारी से आए थे। उन्होंने उस जगह पर वारदात को अंजाम दिया। जहां पर रोड का काम होने के चलते जगह काफी टाइट थी। इस दौरान वह बैग भी लेकर आए थे। जिसे वह गाड़ी से निकालकर ले गए।
ट्रक की चाबी भी घटना स्थल से बरामद
जानकारी के मुताबिक कैश वैन में जो नोटों से भरा ट्रंक भेजा गया था। उसे पूरी तरह से सील किया गया था। आरोपी उसे ले गए। वहीं, उसकी सील्ड चाबी को वहीं फेंक गए थे। जिसे भी पुलिस ने रिकवर कर लिया है।
यूनिवर्सिटी व बैंक के कैमरे नहीं कर पाए कैद
पता चला है कि यूनिवर्सिटी में अति आधुनिक कैमरे लगे हुए है। जो कि जेड प्लस थे। लेकिन जिस समय में यह वारदात हुई है। उस समय वह दूसरी तरफ कवर कर रहे थे। इसके अलावा यूको बैंक के कैमरों में भी कुछ कैद नहीं हो पाया है।
लोगों से वीडियो मिले, लेकिन सुराग नहीं
राजपुरा में कैश वैन लूटी
लोगों से वीडियो मिले, लेकिन सुराग नहीं
सड़क के काम में लगे लोगों ने मौके के कुछ वीडियो बनाए है। हालांकि इनमें कुछ साफ नहीं दिख रहा है। सीआईए टीम ने विभिन्न कैमरों से बने वीडियो अपने कब्जे में ले लिए है। साथ ही अपने स्तर पर उनकी जांच शुरू कर दी है।
मोहाली व पंचकूला की टीमें भी जांच में जुटी
घटना की सूचना मिलते ही सीआईए मोहाली व पंचकूला की टीमें मौके पर पहुंच गई थी। दोनों जगहों की टीमों ने अपने स्तर पर वहां पर जांच की है। साथ ही प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ की। क्योंकि घटना संबंधी सभी को अलर्ट भेजा गया था।
रिंदा गैंग ने चोरी की थी कार
पुलिस सूत्रों से पता चला है कि जिस होंडा इमेज कार में आरोपी सवार होकर आए थे। वह 11 तारीख को राजपुरा से चोरी हुई थी। इस संबंध में राजपुरा के पुलिस थाने में केस दर्ज है। वहीं, पता चला है कि यह कार रिंदा गैग ने चोरी की थी। रिंदा सेक्टर-36 में हुई सरपंच की हत्या में भी शामिल था। उस पर पुलिस ने इनाम घोषित कर रखा है।
मोहाली में भी इसी स्टाइल में हो चुकी है लूट
इससे पहले मार्च 2015 में भी एक्सिस बैंक की कैश वैन मोहाली के सेक्टर-80 में लूटी गई थी। लुटेरों ने इस दौरान कैश वैन पर हमला कर दिया था। इस दौरान वह बैंक मुलाजिमों की आंखों में मिर्चें डालकर गाड़ी छीनकर फरार हो गए थे। इसके बाद कुछ दूर आगे गाड़ी छोड़कर गए थे। साथ ही पैसे लेकर फरार हो गए थे। इस दौरान एक कार्ड आरोपी छोड़ गए थे। उसके आधार पर पुलिस ने आरोपियों को पकड़ लिया था।