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सरिता सुसाइड केस: DSP समेत 5 पुलिसकर्मी बरी

Fri, 04 Dec 2015 08:46 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला
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बहुचर्चित सरिता सुसाइड केस में डीएसपी समेत पांचों आरोपी पुलिस कर्मियों को पंचकूला सीबीआई की विशेष अदालत ने साक्ष्य के अभाव में वीरवार को बरी कर दिया।
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यह फैसला वीरवार को सीबीआई विशेष अदालत की जज भावना जैन ने सुनाया। डीएसपी डीएसपी धीरज सेतिया, इंस्पेक्टर पवन कुमार, रणधीर सिंह, सिलकराम तथा बलराज सिंह को सरिता को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में नामजद किया गया था।

गौरतलब है कि बलराज और सिलकराम पर महिला ने रेप का आरोप लगाया था और इन्हें इस मामले में कोर्ट से पहले ही सजा हो चुकी है। उल्लेखनीय है कि इन दोनों आरोपियों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई न होने से असंतुष्ट रोहतक निवासी सरिता ने डीजीपी कार्यालय के बाहर धरना दिया था और इसके बाद उसने पुलिस मुख्यालय में जाकर जहरीला पदार्थ निगल कर आत्महत्या कर ली थी।
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सरिता को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में सीबीआई की विशेष अदालत में डीएसपी धीरज सेतिया, इंस्पेक्टर पवन कुमार, रणधीर सिंह, सिलकराम तथा बलराज सिंह के खिलाफ केस चल रहा था।

सीबीआई के वकील अमरेश गांधी ने बताया कि सरिता सुसाइड केस में कोर्ट ने सभी पांचों आरोपी पुलिस कर्मियों को बरी कर दिया है। उन्होंने बताया कि इनके खिलाफ इस मामले में ऐसा कोई पुख्ता सबूत नहीं मिला जिससे आरोप साबित हो सके।

ये था मामला
सरिता के पति को वाहन चोरी के मामले में फंसा कर उसे थाने में बुलाया गया था। यहां 9 अप्रैल 2008 को सरिता के साथ दोनों आरोपी पुलिस वालों ने रेप किया था। रोहतक में इस प्रकरण में ठोस कार्रवाई न होने पर पीड़िता पुलिस के उच्चाधिकारियों से मिली थी।
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इसके 50 दिन बाद 31 मई 2008 को एफआईआर दर्ज की गई। 9 जून को सरिता ने पुलिस मुख्यालय में जाकर जहरीला पदार्थ निगल लिया था। इसके अगले दिन उसकी अस्पताल में मौत हो गई थी।
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