जालंधर के थाना डिवीजन नंबर 4 के एसएचओ एसआई कमलजीत सिंह के अनुसार जालंधर के इस्लामगंज स्थित भारत गन हाउस के मालिक सरवन सिंह के जरिये मनप्रीत को रिवाल्वर किराए पर दिलाया गया था। सरवन सिंह व बिक्रमजीत सिंह पिता-पुत्र हैं। इस वारदात के बाद से ही दोनों फरार हैं।
मामले की जांच की जा रही है। चाचा गन हाउस का मालिक इस समय अमेरिका में है। बिक्रमजीत सिंह ही गन हाउस चला रहा था। उधर, कपूरथला के सुखजीत नगर स्थित चाचा गन हाउस के आस पड़ोस के दुकानदारों के अनुसार गन हाउस पांच मई से ही बंद है। चुनाव खत्म होने के बाद लोग रोज अपने हथियार लेने आ रहे हैं और दुकान बंद देख इधर-उधर पूछताछ कर रहे हैं।
एनआरआई के हथियार जमा
गन हाउस में अधिकतर एनआरआई और मृत लोगों के हथियार पड़े ही रह जाते हैं। सूत्रों के मुताबिक ऐसे हथियार के बारे में वर्षों तक कोई पूछने नहीं आता। ऐसे में वो हथियार कहां और किस काम इस्तेमाल में लाए जा सकते हैं, इस बारे में भी पुलिस को कुछ नहीं पता होता। सूत्रों के मुताबिक 200 के करीब ऐसे हथियार कई गन हाउस में जमा हैं, जिनके मालिक उनको जमा करवाने के बाद विदेश चले गए।