सेक्टर 44 के एक फ्लैट से बीए फाइनल ईयर की छात्रा का शव संदिग्ध हालात पाया गया। छात्रा घर के ही पर्दे के साथ पंखे से लटकी थी। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर शव निकाला और जीएमसीएच-32 लेकर गए। जहां डाक्टरों ने छात्रा को मृत बताया। मृतका के पिता का कहना है कि जिस फ्लैट में उनकी बेटी का शव मिला है। वहां मां और बेटा भी मौके पर थे। आरोप है कि बेटी की सहेली और मां-बेटा ने ही एक साजिश के तहत उसकी हत्या की है।
पुलिस ने शव कब्जे में लेकर जीएमएसएच-16 के शव गृह में पोस्टमार्टम के लिए रखवा दिया है। जानकारी के अनुसार मृतका की पहचान सेक्टर 45 निवासी अनीता मिश्रा (22) के रूप में हुई है। अनीता सेक्टर 42 के गर्ल्स कॉलेज से बीए कर रही थी। पुलिस ने बताया कि लड़की का शव पंखे से लटका था।
शव सेक्टर 44 बीएसएनएल फ्लैट के मकान नंबर 700-सी में शाम को मिला। परिजनों ने बताया कि अनीता का मंगलवार को कॉलेज में पेपर था और पेपर के बाद वह सीधा अपनी सहेली नीरू गौड़ के घर सेक्टर 44 चली गई थी।
छोटी बेटी ने फोन पर बताया
लड़की के पिता सुरेश का कहना है कि उनकी बड़ी बेटी सेक्टर 44 में अपनी सहेली के फ्लैट (699) पर गई थी। जबकि उसका शव साथ के फ्लैट में मिला। सुरेश ने बताया कि उन्हें वारदात की सूचना शाम को चार बजे उनकी छोटी बेटी नेे फोन पर दी। इसके बाद वह सीधे सेक्टर 32 के अस्पताल गए जहां उनकी बेटी जिंदा नहीं थी।
लड़की के पिता का कहना है कि कभी उनकी बेटी का किसी के साथ कोई झगड़ा नहीं हुआ। वह किसी तरह से परेशान भी नहीं थी तो सुसाइड क्यों करेगी। उन्होंने सीधे तौर पर मामले को हत्या से जोड़ा है।
पिता के सवाल
पीड़ित सुरेश मिश्रा ने सवाल किया कि उनकी बेटी अपनी सहेली से मिलने गई थी। वह वहां आत्महत्या क्यों करेगी।
जिस घर में उसकी लाश मिली है, उस समय घर में महिला और उसका बेटा भी थे। ऐसा कैसे हो सकता है कि कोई सुसाइड करे और घर में भनक भी न लगे। उन्होंने बेटी की सहेली सहित दोनों मां-बेटी की गिरफ्तारी की मांग की है।
पुलिस कह रही है कि अनीता और नीरू का सुसाइड से पहले झगड़ा हुआ था। पुलिस झूठ कह रही है। अगर झगड़ा होता तो वह उसके पास क्यों जाती। छोटे से झगड़े के बाद कोई खुदकुशी कैसे कर सकता है। उन्होंने साफ तौर कहा कि अनीता को उसकी सहेली और पड़ोस में रहने वाले मां-बेटा ने मारकर पंखे से लटकाया है।
फोरेंसिक टीम से घटनास्थल की कराएंगे जांच
घटना की सूचना मिलने के बाद मौके पर एएसपी साउथ नवदीप बराड़ और सेक्टर 34 के एसएचओ बलजीत सिंह ने वारदात स्थल पर जांच पड़ताल की। एसएचओ का कहना है कि प्राथमिक जांच में मामला सुसाइड का लगता है। लेकिन मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। बुधवार को फोरेसिंक टीम से सुसाइड वाले कमरे की जांच कराएंगे। बाकी मौत के सही कारणों का पता तो पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही चलेगा।