एमडीसी सेक्टर 4 के एक युवक की शिकायत पर पुलिस ने चंडीगढ़ के एक एडवोकेट रणबिंदर सिंह राणू और उसके साथी अमृतपाल सिंह सहित दोनों की पत्नियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है।
आशीष वालिया ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि दिसंबर 2012 में उसकी मुलाकात अमृतपाल सिंह संधू और चंडीगढ़ के सेक्टर 8 निवासी एडवोकेट रणबिंदर सिंह राणू से हुई थी। आशीष को अमृतपाल सिंह संधू और रणबिंद्र राणू ने कनाडा भेजने के साथ वहां का स्थायी निवासी बनाने और नौकरी दिलाने की बात कही।
इसके लिए दोनों ने उससे एक करोड़ 50 लाख रुपये की डिमांड की। बाद में उनके बीच एक करोड़ 16 लाख की सेटलमेंट हो गई। आशीष ने मार्च 2013 में पहली बार 10 लाख रुपये अमृतपाल सिंह संधू एवं एडवोकेट राणू को दे दिए। इसके बाद कई किश्तों में 2014 तक पूरे एक करोड़ 16 लाख रुपये आरोपियों को दे दिए।
अमृतपाल देश छोड़कर कनाडा फरार
धोखाधड़ी
- फोटो : file
2014 में जब पूरा पैसा आरोपियों के पास पहुंच गया, तो आशीष ने कनाडा भेजने और वहां नौकरी दिलाने के लिए उन पर दबाव बनाना शुरू किया।
इसके बाद एडवोकेट रणबिंद्र राणू ने उसका फोन उठाना बंद कर दिया। वहीं अमृतपाल देश छोड़कर कनाडा फरार हो गया। आशीष ने बताया कि उसके पास आरोपियों को बैंक से निकालकर दिए पैसे की पूरी स्टेटमेंट है। साथ आरोपियों के द्वारा दी गई रसीदों की कॉपी भी है।
आशीष की शिकायत पर पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया है। सेक्टर 5 एमडीसी थाना प्रभारी आत्मा राम ने बताया कि उनके पास एमडीसी सेक्टर 4 निवासी आशीष वालिया की ओर से एक शिकायत आई है। शिकायत के आधार पर अमृतपाल सिंह संधू और उसकी पत्नी तरणजीत कौर एवं एडवोकेट रणविंद्र सिंह राणू और उसकी पत्नी आकाशदीप कौर के खिलाफ धारा 406, 420, 120 सी, 506 के तहत केस दर्ज कर लिया गया है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।