एक पिता ने अपनी बेटी को विदेश भेजने के लिए पहले तो 10 लाख देकर फाइल तेयार करवाई, लेकिन जब फाइल खारिज हो गई, तो पिता के साथ ऐसा कुछ हुआ जिसे सोचा तक नहीं गया था। पंजाब के फरीदकोट के गांव पंजगराईं कलां में बेटी को विदेश भेजने के लिए दिए 10 लाख रुपये वापस न मिलने और जान से मारने की धमकियां मिलने से दुखी होकर एक किसान ने जहरीली वस्तु निगलकर खुदकुशी कर ली।
थाना बाजाखाना पुलिस ने मृतक किसान छिंदर सिंह संधू की पत्नी सुखजीत कौर के बयान पर एक निजी कॉलेज के मालिक, उसकी महिला रिश्तेदार, महिला कोऑर्डिनेटर और चार अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। सुखजीत कौर ने पुलिस को बताया कि उनके पति छिंदर सिंह ने बेटी सिमरजीत कौर को आस्ट्रेलिया भेजने के लिए गांव ढिलवां कलां स्थित गुरुकुल कॉलेज के माध्यम से फाइल तैयार करवाई थी।
कॉलेज में बतौर कोऑर्डिनेटर कार्यरत अनिता बांसल के कहने पर उन्होंने विभिन्न समय पर करीब 12 लाख अदा कर दिए। करीब एक साल पहले उन्हें जानकारी दी गई कि उनकी बेटी सिमरजीत कौर की फाइल रिजेक्ट हो गई है। सुुखजीत कौर के अनुसार फाइल इसके बाद उनके पति छिंदर कई बार कॉलेज में रुपये वापस लेने गए।
कॉलेज मालिक और कोऑर्डिनेटर समेत 7 पर केस
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इस पर कॉलेज ने बैंक के माध्यम से 1.98 लाख रुपये वापस कर दिए और बाकी रूपयों के लिए टाल मटोल करते रहे। रुपये वापस लेने के लिए उनके पिता अनिता बांसल के अलावा कॉलेज मालिक बलजीत सिंह धालीवाल व उनकी रिश्तेदार सतवीर कौर धालीवाल से मिले, जो पहले तो टाल मटोल करते रहे। बाद में धमकियां देकर बेइज्जती भी करने लगे। सुखजीत कौर ने बताया कि 28 मार्च को भी उनके पति कॉलेज में रुपये वापिस लेने गए थे। उस दिन भी उन्हें वहां से निराश ही लौटना पड़ा।
उन्होंने आरोप लगाया कि 29 मार्च को एक स्विफ्ट कार में चार अज्ञात लोग उनके घर पर आ गए। वे उन्हें धमकी देने लगे कि यदि अब उन्होंने कॉलेज आकर रुपये वापस मांगे तो जान से मार देंगे। इस बात पर छिंदर सिंह मानसिक तौर पर परेशान हो गए। 30 मार्च को दोपहर 2 बजे खाना खाने के बाद वे घर से चले गए और देर रात तक वापस नहीं लौटे। उन्होंने बताया कि तलाश करने पर छिंदर सिंह का शव खेतों में बने मोटर वाले कमरे में पड़ा था।
संभावना जताई जा रही है कि उसने कोई जहरीली चीज खाकर आत्महत्या की है। परिवार को कमीज की जेब से सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। थाना बाजाखाना प्रभारी के एसआई अशोक कुमार ने बताया कि पुलिस ने बयान के आधार पर अनिता बांसल, बलजीत सिंह धालीवाल, सतवीर कौर धालीवाल व चार अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज करके कार्रवाई शुरू कर दी है।