होली के दिन शराब पीकर चलने वालों पर सीजेएम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया। शुक्रवार को कोर्ट के चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट अनुभव शर्मा ने शराब पीकर वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त फैसला सुनाया।
एंटी ड्रकंन नाके पर पकड़े गए सेक्टर-26 के एक कॉलेज के स्टूडेंट को सीजेएम ने जब 6 माह कैद व 2 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई तो स्टूडेंट ने कहा कि मेरा भविष्य खराब हो जाएगा। यह सुनकर सीजेएम ने कहा कि तुम्हें तो सिर्फ अपने फ्यूचर की पड़ी है। तुम स्वार्थी हो। देश के फ्यूचर का क्या? तुम जैसे ड्रंकन ड्राइवर्स की वजह से लोग त्योहारों पर घरों से बाहर निकलते हुए घबराते हैं।
हालांकि छात्र को बाद में बेल मिल गई। वहीं कोर्ट ने अन्य 33 शराबियों को एक-एक माह के लिए जेल भेजा। साथ ही 6 महीने के लिए उनका ड्राइविंग लाइसेंस भी सस्पेंड कर दिया गया। इन्हें 2-2 हजार रुपये जुर्माना किया गया और गाड़ियां जब्त कीं।
पुलिस ने होली पर वीरवार को शहर में लगाए 9 नाकों पर ड्रंकन ड्राइविंग के 107 चालान काटे थे।
इनमें से 71 आफेंडर्स कोर्ट में पेश हुए। जिनमें से 33 को जेल भेजा गया है। इनके अलावा बाकी बचे लोगों में शराब की मात्रा कम होने के कारण उन पर नरम बरती गई। उनका 2-2 हजार रुपये का चालान कर छोड़ दिया गया। वहीं एक को 2500 रुपये जुर्माना लगाया गया।
एक ने कहा, मुझे तो जूस में शराब मिलाकर पिला दी
जेल की सजा पाने वाले बद्दी निवासी एक ड्रंकन ड्राइवर ने कहा कि उसके 2 दिन पहले बेटा हुआ था और वह ससुराल आया था। उसके दोस्तों ने उसे जूस में शराब मिलाकर पिला दी। उसने कहा कि उसने कभी शराब नहीं पी।
वहीं एक व्यक्ति को हुई कै द की सजा पर बिलखती हुई मूलरूप से बनारस निवासी उसकी पत्नी ने कहा कि 15 दिन बाद उसके भाई की शादी है। सारी तैयारियां अभी होनी बाकी हैं। पति के बिना यह सब कै से होगा। लेकिन कोर्ट ने दोषियों को नहीं बख्शा और एक-एक महीने के लिए जेल भेज दिया।
जेल जाने का पता लगा तो भागने की कोशिश
शुक्रवार को सुबह 23 और 24 मार्च को कई ड्रंकन ड्राइवर्स के चालान पर सुनवाई हुई। सीजेएम ने जब देखा कि आफेंडर आराम से चालान भुगतकर निकल रहे हैं तो उन्हें लगा कि इनमें ज्यूडीशियरी का डर खत्म हो रहा है।
ऐसे में सीजेएम ने होली वाले दिन 24 मार्च को शराब पीकर ड्राइविंग करने वालों को जेल में डालने के आदेश दिए। इसकी जानकारी मिलते ही कुछ आफेंडर कोर्ट से भागने लगे। कोर्ट में विशेष रूप से पुलिस बल बुलाया गया और उनको जेल भिजवाया।