बठिंडा जिले के गांव लहरा खाना निवासी गैंगस्टर राम सिंह की उसके साथियों ने ही हत्या कर शव को नहर में फेंक दिया। हरियाणा पुलिस को जब नहर से शव बरामद हुआ तो पुलिस ने जरूरी कार्रवाई के बाद एक समाजसेवी संस्था के हवाले कर दिया। मृतक की पहचान न होने पर लावारिस समझ कर संस्था ने संस्कार कर दिया।
अपने बेटे की हत्या के बारे में पता चलने पर पिता नायब सिंह ने थाना नथाना में जामन सिंह निवासी गांव कराडवाला, बलयादप्रीत सिंह, लखवीर सिंह निवासी गांव रामपुरा जिला बठिंडा, कर्मजीत सिंह निवासी गांव बलमगढ़ जिला पटियाला के खिलाफ हत्या का केस दर्ज करवा दिया। गैंगस्टर राम सिंह के पिता नायब सिंह ने बताया कि बीस अप्रैल को गांव भुच्चो कलां में हुए युवक के कत्ल के आरोप में उसका बेटा भगोड़ा था।
उन्होंने उसे पुलिस के पास पेश करने के लिए मना लिया था। बेटे राम के साथी जामन सिंह, बलयादप्रीत सिंह, लखवीर सिंह और कर्मजीत सिंह उसे पेश होने से रोक रहे थे। जब उनका बेटा नहीं माना तो उसके चारों साथी राम सिंह को 22 मई की रात करीब ग्यारह बजे अपने साथ ले गए। पिता नायब ने बताया कि अब उन्हें पता चला कि उक्त चारों युवकों ने मिलकर उसके बेटे राम सिंह की हत्या कर शव को नहर में फेंक दिया था।
उन्होंने बताया कि 25 मई को डबवाली पुलिस को उनके बेटे राम का शव बरामद हुआ और जरूरी कार्रवाई करने के बाद शव को एक समाजसेवी संस्था के हवाले कर दिया। संस्था ने दो दिन बाद 27 मई को राम सिंह के शव को लावारिस समझ कर संस्कार कर दिया।
थाना नथाना के एसआई कृपाल सिंह का कहना है कि पुलिस ने उक्त चारों आरोपियों पर हत्या कर शव को खुर्द बुर्द करने के आरोप में केस दर्ज कर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे है।