बीएसएफ के डीआईजी की पत्नी मधु भनोट (48) ने शुक्रवार शाम घर पर ही फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। वह अपनी बेटी की मौत के बाद से डिप्रेशन में चल रही थीं। शनिवार को उनका मोहाली के श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार कर दिया गया। पुलिस ने परिजनों के बयान पर धारा-174 के तहत कार्रवाई की है।
जानकारी के मुताबिक फेज-3बी2 स्थित मकान नंबर-800 में डीआईजी संजीव भनोट का परिवार रहता है। शुक्रवार को डीआईजी भी घर पर ही थे। उन्होंने परिवार सहित होली मनाई और इसके बाद दोपहर पौने तीन बजे उनकी पत्नी मधु भनोट ने चाय बनाकर सबको पिलाई। इसके बाद डीआईजी का बेटा पढ़ने के लिए अपने कमरे में चला गया। जबकि परिवार के बाकी सदस्य अन्य कामों में व्यस्त हो गए।
इसी बीच डीआईजी की पत्नी अपने में जाकर काम करने लगीं, लेकिन काफी देर तक जब वह कमरे से नहीं निकलीं तो घर वाले ने कमरे में जाकर देखा कि उनका शव पंखे से लटका हुआ था। घरवालों ने तुरंत पुलिस को सूचित किया और पुलिस ने मौके पर पहुंच कर शव को नीचे उतारा। साथ ही शव को पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया। सिविल अस्पताल से पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है।
जिक्रयोग है कि डीआईजी की नौजवान बेटी की कुछ समय पहले अचानक मौत हो गई थी। बेटी की मौत के बाद से ही वह डिप्रेशन में चल रही थीं। वहीं, डीआईजी बीएसएफ के लखनौर हेड आफिस में तैनात हैं।