घटना के बारे में जानकारी जुटाती पुलिस
उन्होंने विरोध किया तो एक हमलावर ने बेटे पर रिवाल्वर तान दी। यह देखकर उन्होंने हमलावरों का विरोध बंद कर दिया। हमलावर दातर और किरपाणों से उन पर हमला करते रहे। चीखों-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर आए तो हमलावर फरार हो गए। शशि शर्मा के बेटे सन्नी के सिर और हाथ पर हथियारों से वार किए गए हैं, जिससे उनका बायां हाथ पूरी तरह से कट गया है।
डॉ. नवजोत दहिया के मुताबिक, शशि शर्मा के शरीर पर गहरे हथियारों के 17 घाव हैं, जिसमें सबसे अधिक असर बायीं आंख पर हुआ है। सिर और होंठों के तीन गहरे जख्म के अलावा दोनों टांगों पर काफी गहरे जख्म है। डीसीपी गुरमीत सिंह का कहना है कि पुलिस जांच कर रही है। किसी को बख्शा नहीं जाएगा।
जिला मानवाधिकार संगठन के प्रधान शशि शर्मा की जान को खतरा है, इसी कारण पंजाब सरकार की तरफ से उनको सुरक्षा मुहैया करवाई गई है। उनकी सुरक्षा में पंजाब पुलिस का मुलाजिम पलविंदर सिंह तैनात है। पलविंदर सिंह ने बताया कि वह कार्यालय में केबिन के बाहर बैठा था। अचानक हथियारों से लैस लोग भीतर आ गए। चार लोगों ने उसको पकड़ लिया और एक ने उसकी गन छीन ली। इसके बाद हमलावर केबिन में चले गए। शशि शर्मा के बेटे सार्थक सन्नी ने बताया कि हमलावर उसे गोली मारने लगे थे लेकिन पिता ने इसका आभास होते ही खुद को आगे कर दिया और हमलावरों ने उन पर तेजधार हथियार से हमला कर दिया।
उसने रिवाल्वरधारी युवक का विरोध किया तो हमलावरों ने उसके हाथ पर दातर मारे। सब कुछ पांच मिनट में ही हुआ। हमलावरों का रुख इतना आक्रामक था कि कुछ समझ में ही नहीं आया। जाते-जाते हमलावरों ने गनर पलविंदर की छिनी हुई गन फेंक दी और फरार हो गए। कमिश्नर पुलिस गुरप्रीत भुल्लर ने कई टीमों का गठन किया है और आरोपियों की तलाश में छापेमारी शुरू कर दी गई है। पुलिस की टीमों का एक दस्ता लुधियाना भी रवाना किया गया है।
शशि शर्मा लुधियाना के प्रसिद्ध लल्ला हत्याकांड में मुख्य गवाह हैं। वहीं अमृतसर के सिटी सेक्स स्कैंडल को बेनकाब करने में भी उनकी सराहनीय भूमिका रही है। इसके अलावा जालंधर में बच्चा बेचने वाले चिकित्सकों का भंडाफोड़ होने के मामले में शशि शर्मा की गवाही होनी बाकी है।