चार कारों में सवार करीब दो दर्जन अज्ञात हथियारबंद लोगों ने डिस्कोथेक बूमबॉक्स कैफे पर हमला कर दिया। युवकों ने जहां गमले और काउंटर तोड़ दिए, वहीं पत्थर भी बरसाए। सोमवार रात करीब नौ बजे सेक्टर-9 डी के एससीओ नंबर-34,35,36,37 स्थित डिस्कोथेक पर यह हमला हुआ। हमलावर पहले डिस्कोथेक के पीछे के दरवाजे से अंदर घुसने लगे लेकिन कामयाबी नहीं मिली। इसके बाद हमलावर आगे मेन एंट्री पर पहुंचे और पथराव शुरू कर दिया।
साथ ही गमले, पंखे, कुर्सियां और अन्य सामान तोड़फोड़ डाले। यहां आम लोगों के साथ खड़े बाउंसर खुद को बचाने के लिए इधर-उधर भाग निकले। हमलावर तलवार, डंडे और बेसबॉल बैट से लैस थे। इस दौरान हमलावरों ने डिस्कोथेक में हाउस कीपिंग कर्मचारी इंद्र को जमकर पीटा। उसे जीएमएसएच-16 ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद पुलिस ने उससे पूछताछ की। पीड़ित ने ठीक होने पर शिकायत देने की बात कही।
पुलिस ने डिस्कोथेक संचालकों से सीसीटीवी फुटेज मांगी लेकिन पुलिस को फुटेज नहीं दी गई। सेक्टर-3 थाने की एसएचओ इंस्पेक्टर पूनम दिलावरी सहित अन्य पुलिस अफसरों ने जांच कर डीडीआर रिपोर्ट दर्ज कर ली है। बता दें कि डिस्कोथेक में पार्टी चल रही थी लेकिन डिस्कोथेक के आसपास कोई पुलिसकर्मी मुस्तैद नहीं था।
युवतियों ने ऑटो में छुपकर बचाई जान, एसएसपी ने नहीं उठाया फोन
हमले के दौरान आसपास खड़ी युवतियों ने दौड़कर पास में खड़े ऑटो और अन्य वाहनों में छुपकर जान बचाई। काफी देर तक वे डरी-सहमी रहीं। उक्त एससीओ स्थित जिम से नीचे उतरे कुछ युवक भी कारों में छुप गए। वारदात के के बाद एसएसपी यूटी निलांबरी विजय जगदले को फोन कर सूचना देने की कोशिश भी की गई लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया।
दस मिनट की प्लानिंग के बाद वारदात, नोट किए कार के नंबर
हमलावरों ने दस मिनट में पूरे हमले की प्लानिंग की। इसके बाद वारदात को योजनाबद्घ तरीके से अंजाम दे डाला। हमलावरों ने फरार होने के लिए पहले ही अपनी गाड़ियां डिस्कोथेक के पीछे रिवर्स कर लगा दी थीं। फिर बदमाश वारदात कर कारों में सवार होकर फरार हो गए। एक चश्मदीद ने हमलावरों के तीन कारों के नंबर नोट कर पुलिस को दिए हैं। इनमें एक कार नंबर एचआर16यू-5151, कार नंबर एचआर20एके-9367 और एक कार नंबर एचआर08एक्स-0780 शामिल थी। इनके अलावा एक दिल्ली नंबर की कार भी थी। एसएचओ का कहना है कि इन नंबरों की जांच की जा रही है।
रविवार रात बाउंसर से एंट्री पर हुआ था झगड़ा
पुलिस पूछताछ में डिस्कोथेक संचालक व अन्यों ने बताया कि रविवार रात कुछ युवक डिस्कोथेक में स्टैग एंट्री करना चाहते थे लेकिन बाउंसर ने उन्हें रोक दिया और फिर उनके बीच काफी कहासुनी व धक्का-मुक्की हुई। कयास लगाए जा रहे हैं कि इसी रंजिश में हमलावरों ने साथियों संग वारदात को अंजाम दे डाला।