बेल्जियम से करोड़ों के हीरे मंगाने के नाम पर 19 करोड़ रुपये की ठगी मामले में आरोपी चेतना मित्तल की अग्रिम जमानत याचिका अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय ने मंजूर कर दी है।
कोर्ट ने याचिका मंजूर करने के साथ ही आरोपी को आठ जनवरी तक पुलिस जांच ज्वाइन करने के आदेश दिए हैं। मामले की जांच यूटी पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) कर रही है।
इससे पहले एक अन्य आरोपी अदिति मित्तल को अग्रिम जमानत मिल चुकी है। वहीं अशोक मित्तल, विनोद मित्तल और राजरानी मित्तल अभी फरार चल रहे हैं।
सिटी के बिजनेसमैन विकास वालिया ने पुलिस को दी शिकायत में कहा था कि अशोक मित्तल ने उनसे बेल्जियम से उनके लिए 24 करोड़ के हीरे मंगाने की बात कही थी। इसके बदले में उन्होंने अशोक मित्तल को 19 करोड़ रुपये दिए थे।
पैसे लेने के बाद अशोक मित्तल ने न तो हीरे मंगवाए और न ही पैसे वापस किए। इसके बाद पीड़ित ने यूटी पुलिस को शिकायत दी थी। पुलिस ने जांच की तो पता चला कि आरोपियों ने इसी तरह से कई लोगों के साथ ठगी की हुई है।
विकास वालिया का कहना है कि अदिति और अशोक मित्तल ने स्विट्जरलैंड जाने के लिए वीजा लगवाने के नाम पर उनका पासपोर्ट लिया था। वालिया ने आरोप लगाया कि न तो उनका वीजा लगा और न ही दोनों ने उसका पासपोर्ट वापस किया।