इसी दौरान लड़की वालों ने थाना डिविजन सात में शिकायत दे दी कि लड़के वालों को उन्होंने मंगनी के दौरान सोने के जेवरात और कुछ अन्य सामान दिया था, जो लड़के वाले वापस नहीं दे रहे। इसके बाद पुलिस ने उन्हें थाने बुलाया था। शुक्रवार की दोपहर थाने में दोनों पक्ष इकट्ठा हुए थे। दोनों में समझौते की बात हुई तो सुरजीत परिजनों से बात करने बाहर आ गए।
इसी दौरान उनके सीने में दर्द हुआ और वह वहीं बेहोश हो गए। उन्हें पास के निजी अस्पताल पहुंचाया गया। वहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सुरजीत के परिजनों ने आरोप लगाया कि लड़की का रिश्तेदार पुलिस में है। इसके चलते लड़की वाले सुरजीत सिंह पर दबाव डाल रहे थे। जिस कारण वह दबाव झेल नहीं पाए तो उन्हें अटैक हो गया और उनकी मौत हो गई।
एडीसीपी 4 राजवीर सिंह बोपाराय ने बताया कि सुरजीत सिंह पहले ही हार्ट का मरीज था। उसका दिल्ली में इलाज चल रहा था। शुक्रवार को थाने में समझौते के बाद उन्हें हार्ट अटैक हो गया और उनकी मौत हो गई। पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए शव सिविल अस्पताल भेज दिया है।