नोएडा (गुरुग्राम) और रोहतक के ध्यानार्थ
संशोधित खबर
डीजीपी मुख्यालय परिसर में व्यक्ति ने निगला जहरीला पदार्थ, मौत
- हालत गंभीर होने पर पुलिस ने पहुंचाया सामान्य अस्पताल, गुरुग्राम का रहने वाला है सुरेंद्र सैनी
- कर्ज लौटाने के बाद भी पीड़ित व्यक्ति से मांगे जा रहे थे पैसे
- पंचकूला अस्पताल के डॉक्टर ने किए हाथ खड़े, रात पीजीआई चंडीगढ़ में हुई उपचार के दौरान मौत
अमर उजाला ब्यूरो
पंचकूला। इंसाफ की फरियाद लेकर डीजीपी मुख्यालय पहुंचे एक व्यक्ति को जब साहब से मिलने की इजाजत नहीं मिली तो वह इतना आहत हो गया कि वहीं उसने जहरीला पदार्थ निगल लिया। जैसे ही इस घटना की जानकारी मुख्यालय स्टाफ और बाहर सुरक्षा में खड़े जवानों को लगी तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। उन्होंने मामले की जानकारी सेक्टर-पांच थाना पुलिस सहित उच्चाधिकारियों को दी। जो तत्काल मौके पर पहुंचे और पीड़ित को एंबुलेंस से सेक्टर-छह स्थित सामान्य अस्पताल में पहुंचाया, लेकिन उसकी हालत गंभीर होने के कारण डॉक्टरों ने उसे पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया। लेकिन पुलिस के सूत्रों के अनुसार चंडीगढ़ पीजीआई में उसकी देर रात मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार, जहरीला पदार्थ निगलकर जान देने वाले की पहचान सुरेंद्र सैैनी निवासी गुरुग्राम समर्था, गांव निमोट के रूप में हुई है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जो शिकायत उन्हें मिली है उसके अनुसार सैनी ने गुरुग्राम निमोट में किसी व्यक्ति से लिखित में कर्ज ले रखा था। कुछ समय बाद कर्ज को सैनी ने उस व्यक्ति को लौटा भी दिया, लेकिन वह साफ मुकर गया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इसके बाद सैनी ने स्थानीय राजनीतिक, सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों से भी सिफारिश लगवाई, लेकिन आरोपी ने किसी व्यक्ति की एक नहीं सुनी। जब मामले का निपटारा होते नहीं दिखा तो वह निमोट थाने में पहुंच गया और वहां शिकायत दी, लेकिन पुलिस ने उसकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की।
सुरेंद्र सैनी इसी मामले में न्याय की आस लेकर शनिवार को पंचकूला डीजीपी मुख्यालय पहुंचा था। लेकिन, छुट्टी के चलते डीजीपी साहब ऑफिस में नहीं थी। इस कारण संतरी ने सैनी को अंदर नहीं जाने दिया। हालांकि, संतरी ने डीजीपी मुख्यालय के इंचार्ज से उसकी मुलाकात करवाई थी। इसके कुछ ही देर बाद सुरेंद्र सैनी ने जहरीला पदार्थ निगल लिया। जैसे ही घटना की सूचना स्टाफ को लगी वह एंबुलेंस में डालकर उसे सामान्य अस्पताल में ले गए। लेकिन उसकी हालत नाजुक होने के कारण उसे सामान्य अस्पताल से पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया। सेक्टर-6 स्थित सामान्य अस्पताल से मिली जानकारी के मुताबिक गुरुग्राम निवासी सुरेंद्र सैनी ने सल्फास की दो गोलियां निगली थीं।
सुरेंद्र सैनी डीजीपी ऑफिस में शिकायत लेकर आया था कि उसने किसी से कर्ज लिया था। जिसे उसने लौटा दिया था। लेकिन सामने वाला व्यक्ति पैसे लेकर भी मुकर गया था। इस विषय में वह शिकायत देने डीजीपी आफिस पहुंचा था। - अरविंद, सेक्टर-5 थाना प्रभारी, पंचकूला।