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फिरोजपुर: कोरोना होने के शक में लोगों ने करने नहीं दिया अंतिम संस्कार, और रिपोर्ट आई निगेटिव

Wed, 01 Apr 2020 09:26 AM IST
ajay kumar संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजपुर ( पंजाब)
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कोरोना वायरस - फोटो : एएनआई
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कोरोना संदिग्ध मृतक मरीज का अंतिम संस्कार सोमवार रात करीब आठ बजे छावनी के श्मशान घाट पर नहीं होने दिया गया। पुलिस श्मशान घाट के आसपास रह रहे लोगों का गुस्सा देख वहां से एंबुलेंस लेकर लौट गई। इसके बाद पुलिस की निगरानी में डॉक्टरों की टीम के साथ मृतक का सोमवार रात करीब बारह बजे शहर के श्मशान घाट में अंतिम संस्कार किया गया।

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वहीं एसएमओ डॉ. अविनाश जिंदल ने बताया कि सुखदेव सिंह और गांव हबीब वाला निवासी रूलिया की रिपोर्ट निगेटिव आई है। सुखदेव को टीबी की बीमारी थी। सिविल सर्जन डॉ. नवदीप सिंह ने बताया कि गोबिंद नगरी निवासी सुखदेव सिंह (कोरोना संदिग्ध) को कई तरह की सेहत संबंधी समस्या थी। तीस मार्च को वह सिविल अस्पताल में इलाज के लिए आया था, उसे खांसी, बुखार, सीने में दर्द, कमजोरी और सांस लेने की समस्या थी।

डॉक्टरों ने उसके सैंपल ले लिए थे, जिसकी रिपोर्ट आनी अभी बाकी है। सुखदेव 27 मार्च को भी सिविल अस्पताल में चेकअप के लिए आया था, जिसे टीबी की माहिर डॉ. सतिंदर कौर ने चेक किया था। उस समय सुखदेव को खांसी, बुखार नहीं था। तीस मार्च को सुखदेव की खराब हालत को देख उसे फरीदकोट के मेडिकल कॉलेज में रेफर किया गया, जहां उसकी मौत हो गई।
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छावनी के श्मशान घाट के आसपास रहने वाले लोगों का कहना है कि सोमवार रात को श्मशान घाट में डॉक्टरों की टीम और पुलिस के साथ एक एंबुलेंस पहुंची। पता चला कि वे कोरोना से मरे व्यक्ति का अंतिम संस्कार करने पहुंचे हैं। उन्हें रोक दिया गया। लोगों का गुस्सा देख कर एंबुलेंस का चालक और मृतक के दो रिश्तेदार वहां से भाग गए। इसके बाद पुलिस को बुलाया गया लेकिन लोगों के गुस्से को देख अधिकारी सुखदेव सिंह का शव लेकर लौट गए। उसके बाद शहर के श्मशानघाट में रात बारह बजे अंतिम संस्कार किया गया।

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