इधर, स्वास्थ्य विभाग ने चार मार्च को अमृतसर आने वाले सभी 104 यात्रियों की स्क्रीनिंग की। इसी फ्लाइट में ही होशियारपुर के पिता-पुत्र भी सफर कर रहे थे। स्वास्थ्य विभाग को यह आशंका थी कि कहीं फ्लाइट में बैठे अन्य यात्री भी संक्रमित तो नहीं हैं। इसके लिए विभाग ने एयरपोर्ट से सभी 104 यात्रियों के नाम व पते जुटाए।
सभी के घरों में टीमें भेजकर जांच की गई। विभाग का दावा है कि किसी में कोरोनावायरस के लक्षण नहीं थे। इनमें 18 लोग अमृतसर से संबंधित हैं। सिविल सर्जन डॉ. प्रभदीप कौर जौहल ने बताया कि दोनों को कोरोना की पुष्टि हुई है। फिलहाल दोनों के दोबारा सैंपल जांच के लिए नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी लैब पुणे भेजे हैं। अभी यह रिपोर्ट आना अभी बाकी है।
इसी बीच मेडिकल शिक्षा एवं खोज विभाग के मंत्री ओमप्रकाश सोनी व सांसद गुरजीत सिंह औजला ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर कोरोनावायरस के संदर्भ में अधिकाधिक जागरूकता फैलाने का आदेश दिया। सोनी ने कहा कि लोग भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में न जाएं। बार-बार साबुन से हाथ धोएं। कोरोना से डरने की जरूरत नहीं। सरकार हर तरह के प्रबंध कर चुकी है।