सेक्टर 12 स्थित सुपर मॉल के सिनेमा हॉल में पीके फिल्म को लेकर विरोध कर रहे बजरंग दल के सदस्यों के साथ मारपीट करने के आरोप में एसपी ने तीन पुलिस कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया है। उधर, विरोध को देखते हुए पुलिस ने फिलहाल सिनेमा फिल्म बंद करा दी है।
गुरुवार को सुपर मॉल के सिनेमा घर में फिल्म पीके को बंद कराने के लिए बजरंग दल और विहिप के सदस्य अंदर घुस गए थे। उन्होंने नारेबाजी करते हुए पोस्टर फाड़ दिए थे। बाद में पुलिस ने तीन युवकों महेश गुलाटी, विनीत खेड़ा व संदीप को उठा लिया था। आरोप है कि संदीप कुमार के साथ तीन पुलिस कर्मचारियों ने मारपीट की।
इससे उसकी तबीयत खराब हो गई। बाद में उसे ट्रॉमा सेंटर लाया गया। उधर, मारपीट की सूचना मिलने के बाद विहिप, आरएसएस व अन्य संगठनों के सदस्य सिविल लाइन थाने में एकत्र हो गए। बृहस्पतिवार रात 12 बजे तक थाने में लोगों ने रोष जताया। डीएसपी कर्ण गोयल के आश्वासन के बाद ही लोग शांत हुए।
इस मामले में घायल ने पुलिस कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई व पीके फिल्म के प्रसारण पर बैन लगाने की मांग की थी। शुक्रवार को एसपी ने तीन पुलिस कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया। साथ ही विवाद को देखते हुए सिनेमा के मैनेजर को फिल्म नहीं चलाने के निर्देश दिए हैं। डीएसपी कर्ण गोयल ने कहा कि इस मामले में निष्पक्ष जांच करवाई जाएगी।
नहीं दिखाए जाएंगे ‘पीके’ के ‘विवादित’ सीन
पीके फिल्म विवाद को लेकर हरियाणा प्रदेश व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बजरंग दास गर्ग की अध्यक्षता में हिसार के सेक्टर 14 में बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में सर्वसम्मति से फैसला लिया गया कि पीके फिल्म में जो ‘विवादित’ सीन होंगे, वह हिसार के सिनेमा हाल में नहीं दिखाए जाएंगे।
बैठक में लोगों की धार्मिक भावनाओं को देखते हुए बैठक में यह फैसला लिया गया है। बैठक में व्यापार संघ के जिला प्रधान रमेश लोहिया, पीजीएसडी स्कूल के प्रधान नारायण दास बंसल, विश्व हिंदू परिषद के जिला महामंत्री रविंद्र गोयल, बजरंग दल जिला संयोजक कपिल वत्स, सह जिला मंत्री संदीप बंसल, प्यारेलाल, सत्यपाल, जगदीश तायल, दरिया सिंह, सुरेश गुज्जर, अनिल कुंडू, रमेश गोयल, राजेश गोयल आदि उपस्थित थे।