कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी वीरवार को दो दिन के पंजाब दौरे पर आएंगे। वह फरीदकोट में पुलिस फायरिंग के दौरान मारे दोनों युवकों गुरजीत सिंह और कृष्ण सिंह के परिजनों से मिलेंगे।
साथ ही बठिंडा में उनकी किसानों से बातचीत होने की भी उम्मीद है। माना जा रहा है कि सिख संगठनों का विरोध झेल रहे अकाली दल की मुश्किलें राहुल के दौरे से और बढ़ सकती हैं।
प्रदेश कांग्रेस के मुताबिक राहुल वीरवार सुबह साढ़े सात बजे कोटकपूरा-बठिंडा रोड स्थित गांव सरावां जाएंगे। वहां गुरजीत सिंह के परिजनों से मिलेंगे। इसके बाद वह दोपहर बारह बजे बहिबल खुर्द (नियामीवाला), फरीदकोट में कृष्ण सिंह के परिजनों से मुलाकात करेंगे।
गत 14 अक्तूबर को श्री गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी के विरोध में निकाले जा रहे रोष मार्च के दौरान पुलिस फायरिंग में गुरजीत सिंह और कृष्ण सिंह की मौत हो गई थी। इस मुद्दे पर पंजाब के सिख संगठन पहले ही अकाली दल के खिलाफ लामबंद हो चुके हैं।
पिछले दिनों आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल भी दोनों युवकों के परिजनों से मिलने यहां आए थे। कांग्रेस और आम आदमी पार्टी लगातार बेअदबी और फायरिंग के मुद्दे पर सरकार को घेर रही हैं। सरकार शुरू से इस मुद्दे पर बैकफुट पर नजर आ रही है।
पहले बेअदबी मामले में गिरफ्तार दोनों युवकों के खिलाफ कोई सबूत नहीं मिला। फिर सरकार ने सीबीआई को जांच सौंपी तो पुलिस फायरिंग को उसमें शामिल नहीं किया। इन मुद्दों पर विपक्ष, सरकार पर लगातार हमला कर रहा है। अब राहुल के दौरे से सूबे में सियासत और गरमाने के आसार हैं।
राहुल वीरवार को किसानों से भी मिलेंगे और रात को बठिंडा ठहरेंगे। अगले दिन वहां के किसानों से मिलने की भी उम्मीद है। इससे पहले भी राहुल ने अप्रैल में पंजाब की तीन मंडियों का दौरा कर किसानों से बातचीत की थी।