कांग्रेस ने नगर निगम चुनाव में इतिहास रच दिया है। रविवार को तीन निगमों के लिए हुए चुनाव में पार्टी ने शानदार जीत दर्ज की। सीएम के शहर पटियाला में पार्टी क्लीन स्वीप की तरफ बढ़ रही है। 60 में से 58 में जीत चुकी है, दो का नतीजा आना बाकी है।
वहीं, जालंधर और अमृतसर में भी उसने दमदार वापसी की। 29 काउंसिलों व पंचायतों में भी कांग्रेस का ही दबदबा रहा। पटियाला में फायरिंग, पथराव और लाठीचार्ज हुआ। इस हुल्लड़बाजी में वोट डालने आए एक व्यक्ति की मौत हो गई। जबकि, जालंधर और अमृतसर में चुनाव शांतिपूर्ण रहा। उम्मीद के मुताबिक मुुकाबला कांग्रेस और शिअद-भाजपा के बीच रहा, आम आदमी पार्टी खाता भी नहीं खोल पाई।
पटियाला के कई वार्डों में सुबह से ही हंगामा शुरू हो गया था। वार्ड साठ में गोली चली, पर कोई जख्मी नहीं हुआ। वार्ड 14 में अकालियों-कांग्रेसियों में जमकर पत्थर चले, जिसमें छह लोग घायल हो गए, पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। झड़प में पूर्व अकाली मेयर अमरिंदर बजाज की पगड़ी उतर गई। घग्गा नगर पंचायत के वार्ड बारह में कांग्रेसियों और अकालियों की झड़प के बीच वोट डालने आए बुजुर्ग की मौत हो गई।
जालंधर में भी कांग्रेस की आंधी चली। यहां 80 वार्डों में से 66 पर कांग्रेस का कब्जा हो गया। भाजपा को आठ, शिअद को चार वार्डों में ही जीत मिली। दो सीटों पर आजाद उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की। भाजपा के कई दिग्गजों का पत्ता साफ हो गया, दो-दो बार से जीतते आए पार्षद भी हार गए। माई हीरां गेट इलाके में एक बूथ पर तनाव के अलावां मतदान शांतिपूर्ण रहा।
अमृतसर में देर शाम तक 85 में से 80 वार्डों के नतीजे घोषित किए गए थे। जिनमें से कांग्रेस 52, शिअद-भाजपा छह-छह वार्डों में जीते। छह निर्दलीय उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की। जिनमें दोनों पार्टियों के बागी भी शामिल हैं। मतदान शांतिपूर्ण रहा। यहां निकायमंत्री नवजोत सिद्धू की प्रतिष्ठा दांव पर लगी थी। अमृतसर में कांग्रेस के करनजीत सिंह रिंटू ने सबसे ज्यादा 4540 वोट से जीत दर्ज की।
-------- कुल वार्ड -- कांग्रेस - भाजपा - शिअद - आजाद
अमृतसर - 85 -------- 52 ---- 6 ---- 6 ---- 6
जालंधर -- 80 --------- 66 ---- 8 ---- 4 ---- 2
पटियाला -- 60 -------- 58 ------------------
(पटियाला में 2 वार्डों के नतीजे आने बाकी)