आईटी पार्क में बनने वाले फ्लैट्स के डिजाइन के लिए चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड कोई कसर नहीं छोड़ना चाहता है। इन फ्लैट्स केडिजाइन को फाइनल करने से पहले सीएचबी आर्किटेक्ट्स के बीच एक प्रतियोगिता का आयोजन करेगी। इसके लिए यूटी प्रशासन से बोर्ड को परमिशन मिल गई है। अब जल्द ही बोर्ड द्वारा इस संबंध में टेंडर जारी कर दिया जाएगा।
गवर्नमेंट इंप्लाइज हाउसिंग स्कीम के तहत पंजाब, हरियाणा और यूटी के अधिकारियों के लिए फ्लैट्स का निर्माण करवाना है। बोर्ड के एक अधिकारी ने बताया कि यूटी एडवाइजर से प्रोजेक्ट के लिए उन्हें परमिशन मिल गई है, जिसके बाद बोर्ड के चेयरमैन ने भी इसे मंजूरी दे दी है। बता दें कि चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड ने पिछले साल सितंबर माह में दोनों सरकारों और यूटी प्रशासन से आईटी पार्क में अपने अधिकारियों के लिए ये लैट्स खरीदने के लिए राय मांगी थी।
इसके बाद हरियाणा ने पहले ही अपने राय दे दी थी, लेकिन पंजाब और यूटी ने बाद में अपनी राय सबमिट की थी। गौरतलब है कि 2006 में सीएचबी ने यह 123 एकड़ जमीन पार्श्वनाथ डेवलपर्स लि. बिल्डर को अलॉट की थी लेकिन किन्हीं कारणों से बिल्डर इस जमीन को डेवलप नहीं कर पाया और उसने अपने पैसे वापस मांगने शुरू कर दिए। उसके बाद बिल्डर कोर्ट चला गया। 2015 में सीएचबी ने बिल्डर को 527 करोड़ रुपये लौटा कर जमीन वापस ले ली।
फ्लैट्स के लिए ड्राइंग तैयार करने का काम शुरू
बोर्ड के एक अधिकारी ने बताया कि पंजाब, हरियाणा और यूटी फ्लैट्स खरीदने के लिए राजी हो गए हैं, इसलिए उन्होंने ड्राइंग तैयार करने का काम शुरू कर दिया है। जैसे ही अमाउंट डिपॉजिट करवा दिया जाता है, वह इनका निर्माण कार्य भी शुरू करवा देंगे। बोर्ड ने 6.73 एकड़ एरिया में इन फ्लैट्स का निर्माण करवाना है। एक टॉवर में 28 फ्लैट्स अधिकारियों के लिए होंगे, जबकि 28 इडब्ल्यूएस फ्लैट्स दूसरे टॉवर में सर्वेंट क्वाटर होंगे। इस तरह तीनों को प्रत्येक 28-28 फ्लैट्स के लिए टैक्स सहित कुल राशि 55 करोड़ रुपये बोर्ड को देनी होगी।