नवनियुक्त टीजीटी अध्यापकों से सीएम ने किया संवाद, कहा-दस साल में 1,41,000 हजार युवाओं को दी सरकारी नौकरी
कहा-पहले मंत्रियों के बेटे लगते थे नौकरी, अब गरीबों के बच्चे बिना खर्ची-पर्ची के लग रहे, वेटिंग लिस्ट के साथ डिटेल परिणाम भी जल्द जारी करेंगे
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। सीएम नायब सिंह सैनी ने पंचकूला में मंगलवार को नवनियुक्त टीजीटी अध्यापकों को नियुक्ति पत्र बांटते हुए कहा कि प्रदेश में बिना खर्ची-पर्ची के युवाओं को उनकी काबलियत के आधार पर सरकारी नौकरियां दी जा रही हैं। पिछले दस वर्षों में प्रदेश सरकार ने 1,41,000 हजार युवाओं को मेरिट के आधार सरकारी विभागों में नियुक्तियां दी हैं। उन्होंने चयनित अध्यापकों से कहा कि टीजीटी भर्ती के लिए यदि उन्होंने किसी को पांच पैसे भी दिए हैं तो उसका नाम लिखकर बता देना, सरकार उसे जेल में डालने का काम करेगी। युवाओं की मांग पर उन्होंने कहा कि अगले दो दिन में पारदर्शिता के साथ टीजीटी अध्यापकों की वेटिंग लिस्ट के साथ-साथ डिटेल रिजल्ट भी जारी कर दिया जाएगा।
पूर्व सरकारों पर कटाक्ष करते हुए सीएम ने कहा कि 2014 से पहले की सरकारों में भर्तियों का परिणाम जारी होने से पहले अखबारों में खबर छपती थी कि मंत्री का बेटा एचसीएस अफसर बनने जा रहा है। पूर्व सरकारों में पर्ची-खर्ची के साथ लिस्ट भी बदल जाती थी। मगर आज अखबार में खबर छपती है कि रिक्शा चालक का बेटा हरियाणा में एचसीएस बना। यह बदलाव वर्तमान सरकार ने पिछले दस वर्षों में किया है। उन्होंने अध्यापकों से कहा कि जिस प्रकार आपने अपनी कड़ी मेहनत से अपने माता-पिता और गांव का नाम रोशन किया है, उसी प्रकार देश का मान-सम्मान बढ़ाने के लिए भी भावी पीढ़ियों को निरंतर तराशकर पीएम मोदी के विजन विकसित भारत को पूरा करने का काम करें। इस मौके पर विधानसभा अध्यक्ष ज्ञान चंद गुप्ता, शिक्षा मंत्री सीमा त्रिखा, कृषि मंत्री कंवरपाल गुर्जर समेत सभी मंत्री व कई विधायक मौजूद रहे।
मनोहर लाल की तपस्या से मिल रहीं नौकरियां
पूर्व सीएम की तारीफ करते हुए सीएम सैनी ने कहा कि मनोहर लाल की तपस्या की वजह से युवाओं को बिना किसी सिफारिश के ही सरकारी नौकरियां मिल रही हैं। पूर्व सीएम ने ऐसा सिस्टम बनाया है कि आज तक किसी विधायक ने किसी बच्चे की नौकरी की सिफारिश नहीं की।
भर्ती रोको गैंग आया तो सिस्टम को कर देगा तहस नहस
इस मौके पर सीएम ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस वालों का पेट खराब हो गया है कि कैसे बिना पर्ची-खर्ची के नौकरियां दी जा रही हैं। उन्होंने कहा कि जब उनके पास कोई रास्ता नहीं बचा तो उन्होंने भर्ती रोको गैंग खड़ा कर दिया। यह सभी जानते हैं कि भर्ती रोको गैंग किसने खड़ा किया है और कौन लोग इसके पीछे हैं। इनका सिर्फ एक ही काम है भर्ती रोकना। भर्तियां निकलते ही ये लोग कोर्ट पहुंच जाते हैं, मगर सरकार भी डटकर खड़ी है। अदालत में मजबूत पैरवी कर भर्तियां पूरी करने का काम जारी है। उन्होंने युवाओं से कहा कि वह चौकस और सजग रहें। यदि ये लोग आए तो पारदर्शिता के साथ नौकरी देने वाले सिस्टम को तहस-नहस कर देंगे।
परिणाम के बाद 72 घंटे में बांटे नियुक्ति पत्र, सीएम ने नौकरियां गिनवाईं
टीजीटी भर्ती परिणाम निकलने के 72 घंटे में सभी चयनित अध्यापकों को नियुक्ति पत्र बांटे गए। शिक्षा मंत्री सीमा त्रिखा ने बताया कि पिछले 72 घंटे से शिक्षा विभाग के अधिकारी सोए नहीं हैं। कागज वेरिफिकेशन और नियुक्ति पत्र तैयार करने में सभी अधिकारी जुटे हुए हैं। इस मौके पर सीएम ने इस साल दी गई सरकारी नौकरियों के आंकड़े मंच से रखे। उन्होंने कहा कि जनवरी में 745, फरवरी में 11831, मार्च में 11604, जून में 1132 और जुलाई में 7765 भर्तियों का परिणाम जारी किया गया है।