फायर सेफ्टी नार्म्स के हिसाब से चंडीगढ़ के 95 प्रतिशत कोचिंग सेंटर सेफ नहीं हैं। चीफ फायर अधिकारी वीरेंद्र चौधरी ने इन सभी को नोटिस भेजने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही सर्वे के दौरान वॉयलेशन के दोषी स्कूल, कॉलेज, अस्पताल, नर्सिंग होम, होटलों, रेस्तरां और शापिंग सेंटरों को भी नोटिस भेजे जाएंगे।
चीफ फायर अफसर वीरेंद्र चौधरी ने बताया कि शहर के सभी कोचिंग सेंटर, स्कूलों, कालेजों, अस्पतालों, नर्सिंग होम्स, होटलों, रेस्तरां और शापिंग सेंटर्स का सर्वे किया जा चुका है। इसकी रिपोर्ट तैयार हो गई है। सर्वे के दौरान कई नामी स्कूलों और होटलों में जमकर वायलेशन मिली है। यह सर्वे 28 अप्रैल को गृह मंत्रालय से आए आदेश के बाद पूरे शहर कराया गया था।
चौधरी का कहना है कि सभी फायर स्टेशन अधिकारियों को जहां जहां पर खामियां मिली हैं, उन्हें दूर करने के लिए भी नोटिस जारी करने का निर्देश दिया गया है ताकि वह समय रहते अपनी कमियां दूर कर लें। उनका कहना है कि इसके बाद अगर वायलेशन न दूर की गई तो अंतिम नोटिस भेजा जाएगा, उसके बाद कार्रवाई की जाएगी।
पंजाब व हरियाणा सचिवालय भी सेफ नहीं
सेक्टर-1 स्थित पंजाब व हरियाणा का सचिवालय भी फायर नार्म्स के हिसाब से पूरी तरह से सेफ नहीं है। फायर विभाग को यहां भी कई खामियां मिली हैं। जबकि यहां पर हरियाणा और पंजाब के मुख्यमंत्रियों, मंत्रियों और कई वीआईपी अधिकारियों के कार्यालय हैं। पंजाब व हरियाणा सचिवालय की यह खामियां फायर सेफ्टी ऑडिट रिपोर्ट में दर्ज कर दी गई हैं। इन्हें भी नगर निगम नोटिस जारी करने जा रहा है। इसके साथ ही सेक्टर-9 स्थित पंजाब मिनी सचिवालय को भी नोटिस जारी किया जाएगा।