हरियाणा में किसान आंदोलन के बीच चल रही सियासत के बीच गठबंधन सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने और इस्तीफा देने को लेकर जंग छिड़ गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा जहां वर्तमान सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने पर अड़े हैं। वहीं, इनेलो नेता अभय सिंह चौटाला ने 27 जनवरी को इस्तीफा देने का मन बना लिया है। अभय के इस्तीफे के साथ ही सियासत गर्माएगी, क्योंकि अभय का यह मानना है कि उनके बाद कई और विधायक इस्तीफा देने के लिए मजबूर होंगे।
अभय का मानना है कि जो विधायक ऐसा नहीं करेंगे, उन्हें अपने हलके में जनता का सामना करना मुश्किल होगा जिसमें सबसे ज्यादा परेशानी जजपा के नेताओं को होगी। सरकार में उपमुख्यमंत्री और रिश्ते में भतीजे दुष्यंत चौटाला का नाम लिए बिना उन्होंने कहा कि जो लोग देवीलाल के नाम पर किसानों को गुमराह करके सत्ता में आए हैं उनके लिए जवाब देना मुश्किल हो जाएगा।
इनेलो नेता ने कहा कि इनका भविष्य तो इस आंदोलन ने तय कर दिया है। मैंने विधानसभा में कहा था कि जो लोग इस बिल को ठीक कहेंगे उनकी तीन पीढ़ियां गांव में पंच बनने की भी हकदार नहीं रहेंगी।
जजपा वाले भाजपा में शामिल होंगे
अभय चौटाला ने कहा कि जजपा के जो लोग लूट खसोट में शामिल हैं और जिनकी फाइलें तैयार हो गई हैं, वे लोग आने वाले समय में भाजपा में शामिल होंगे। जबकि इनेलो काडर के लोग जो भ्रमित हो गए थे, वे आने वाले समय में वापस इनेलो में लौट आएंगे।
दुष्यंत से लेकर उनके पिता तक को मैने चुनाव लड़वायां
अभय ने कहा कि मुझे नान सीरियस पॉलीटीशियन कहने वाले दुष्यंत से यह पूछो कि उन्हें एमपी का पहला चुनाव किसने लड़वाया था। उनके पिता अजय चौटाला को डबवाली से चुनाव किसने लड़वाया था। जब ओम प्रकाश चौटाला टिकट नहीं देना चाहते थे, तब मैने रातों रात फैसला करवा कर अजय को डबवाली से टिकट दिलवा कर चुनाव लड़वाया था।
हुड्डा को पहले लाना चाहिए था अविश्वास प्रस्ताव
उन्होंने कहा कि पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा अब सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने को लेकर अड़े हैं। उन्हें अविश्वास प्रस्ताव पहले लाना चाहिए था।
मैं बजट सत्र के पहले दिन अविश्वास प्रस्ताव लेकर आऊंगा। हमने तो इस विषय में राज्यपाल से भी मिलने का समय मांगा है।
भूपेंद्र सिंह हुड्डा, पूर्व सीएम हरियाणा
अभय चौटाला नॉन सीरियस पॉलीटीशियन हैं। जहां तक हुड्डा के अविश्वास प्रस्ताव का सवाल है वह उन्हें सदन में खुद पता चल जाएगा कि वे कहां स्टैंड करते हैं।
दुष्यंत चौटाला, उप मुख्यमंत्री हरियाणा