चंडीगढ़ को वीरवार को नया मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर मिल जाएगा। सीधा मुकाबला कांग्रेस-आप गठबंधन और भाजपा के बीच है। गठबंधन के पास जीत के आंकड़े हैं लेकिन भाजपा का दावा है कि मेयर वह बनाएगी। सुरक्षा के मद्देनजर 500 पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। तीनों पार्टियों ने नगर निगम दफ्तर के बाहर अपने कार्यकर्ता बुलाए हैं। मंगलवार को बवाल के बाद माना जा रहा है कि जसबीर बंटी के नामांकन वापसी की बात को लेकर भी हंगामा हो सकता है।
भाजपा को हराने के लिए पहली बार आम आदमी पार्टी व कांग्रेस ने एक साथ आने का फैसला किया है। गठबंधन के मेयर पद के उम्मीदवार कुलदीप टीटा हैं। वहीं, भाजपा ने मनोज सोनकर को मैदान में उतारा है। मेयर के साथ सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर का भी चुनाव होगा। भाजपा ने सीनियर डिप्टी मेयर के पद पर कुलजीत सिंह संधू और डिप्टी मेयर के पद पर राजेंद्र शर्मा को उतारा है, जबकि गठबंधन ने सीनियर डिप्टी मेयर पद पर कांग्रेस के गुरप्रीत सिंह गाबी और डिप्टी मेयर के पद पर कांग्रेस की निर्मला देवी को अपना प्रत्याशी बनाया है। मेयर चुनाव में जीत का जादुई आंकड़ा 19 है। वर्तमान में कांग्रेस और आम आदमी पार्टी को मिलाकर गठबंधन के पास कुल 20 वोट हैं। भाजपा के पास सांसद किरण खेर का वोट मिलाकर कुल 15 वोट हैं। वीरवार को अगर कोई उलटफेर नहीं हुआ तो गठबंधन का मेयर बनना तय है। चुनाव की घोषणा के बाद से ही आम आदमी पार्टी के पार्षद रोपड़ के कीकर रिजॉर्ट में हैं। कांग्रेस के पार्षद भी बाहर हैं। कोई भी अपने पार्षदों को टूटने नहीं देना चाहता इसलिए चुनाव के लिए सभी पुलिस सुरक्षा में सीधे नगर निगम पहुंचेंगे।
डीसी कराएंगे चुनाव, अनिल मसीह होंगे पीठासीन अधिकारी
नगर निगम में वीरवार को मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर, डिप्टी मेयर पद के उम्मीदवारों के लिए चुनाव होगा। सुबह 11 बजे से मतदान की प्रक्रिया शुरू होगी। चुनाव के लिए पीठासीन अधिकारी मनोनीत पार्षद अनिल मसीह को बनाया गया है। डीसी विनय प्रताप सिंह की देखरेख में चुनाव होगा। लगभग दो से ढाई घंटे के अंदर चुनाव परिणाम आ जाएंगे। मेयर चुने जाने के बाद डीसी चले जाएंगे। उसके बाद नवनियुक्त मेयर सीनियर डिप्टी मेयर का चुनाव कराया जाएगा।
500 पुलिसकर्मी रहेंगे तैनात, चार डीएसपी देंगे ड्यूटी
नगर निगम कार्यालय के बाहर पुलिस सुरक्षा भी काफी कड़ी रहेगी। हंगामे को देखते हुए चंडीगढ़ पुलिस ने चार डीएसपी समेत 500 पुलिस कर्मियों को तैनात करेगी। निगम आने-जाने वाले सभी रास्तों पर नाके होंगे। पुलिस ने एक डीएसपी की ड्यूटी राजभवन के पास भी लगाई है। इसके अलावा दो डीएसपी को नगर निगम और एक डीएसपी को टीम के साथ रिजर्व में रखा गया है।
क्रॉस वोटिंग रोकना गठबंधन की सबसे बड़ी चुनौती
गठबंधन की सबसे बड़ी चुनौती क्रॉस वोटिंग को रोकना रहेगा। भाजपा के पास 15 वोट हैं। भाजपा की नजर गठबंधन के पार्षदों की वोट क्रॉस कराने पर है। गठबंधन के तीन पार्षदों ने अगर वोट क्रॉस किया तो खेल बिगड़ सकता है। इसके अलावा वोट डैमेज घोषित होने से भी चुनाव के नतीजों पर प्रभाव पड़ता है। डैमेज वोट की गिनती नहीं की जाती और उसे इनवैलिड (अयोग्य) करार दे दिया जाता है। क्रॉस वोटिंग और डैमेज वोट जैसे कारणों से पर्याप्त बहुमत नहीं होने के बावजूद भाजपा कई बार बाजी मार चुकी है।
नोटा का विकल्प नहीं तो हरदीप करेंगे वॉकआउट
अकाली दल के पार्षद हरदीप सिंह ने कहा कि उन्होंने कुछ दिन पहले डीसी से मिलकर मेयर चुनाव में भी नोटा का विकल्प देने की मांग की थी। वे वीरवार को मेयर चुनाव में हिस्सा लेंगे और अगर मतदान के दौरान उन्हें नोटा का विकल्प नहीं मिला को वह सदन से वॉकआउट करेंगे। हरदीप सिंह ने कहा कि उन्हें पार्टी के फैसले का भी इंतजार है। जो भी फैसला होगा, उसके तहत फैसला लिया जाएगा।
आप ने सुबह नौ, कांग्रेस ने सुबह 10 बजे बुलाए कार्यकर्ता
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष एचएस लक्की ने कांग्रेस के सभी वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं को निर्देश दिए हैं कि वह वीरवार को सुबह 11 बजे सेक्टर-17 में नगर निगम के सामने वाले मैदान में पहुंचे। आप के पूर्व प्रदेश संयोजक प्रेम गर्ग ने कहा कि वीरवार को देश की राजनीति के इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि पार्टी के कार्यकर्ता और नेता सुबह नौ बजे सेक्टर-17 स्थित नगर निगम कार्यालय के सामने पार्किंग के सामने पहुंचें। गर्ग ने कहा है कि कार्यकर्ताओं से पार्टी के नेता वहीं मिलेंगे और चुनाव जीतने के बाद जश्न के लिए आगे का कार्यक्रम तय करेंगे।
कुलदीप और मनोज के बीच होगा मुकाबला
पार्टी मेयर सीनियर डिप्टी मेयर डिप्टी मेयर
गठबंधन (आम आदमी पार्टी+कांग्रेस) कुलदीप टीटा गुरप्रीत सिंह गाबी निर्मला देवी
भाजपा मनोज सोनकर कुलजीत सिंह संधू राजिंदर शर्मा
वर्तमान में वोट का गणित
गठबंधन (आम आदमी पार्टी+कांग्रेस): 20 (13+7)
भाजपाः 14 पार्षद + एक सांसद
अकाली दलः 1