चंडीगढ़। फाइनल ईयर की परीक्षाएं रद्द करने और अगले सेमेस्टर में किसी भी प्रकार की फीस न लेने की मांग को लेकर आइसा ने दिल्ली में प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में चडीगढ़ के आइसा पदाधिकारियों ने भी हिस्सा लिया। उन्होंने वहां नारेबाजी की। युवाओं से कहा कि वह एकजुट रहें, उनकी जीत होगी।
आइसा अध्यक्ष पीयू विजय कुमार ने कहा कि इस समय महामारी फैली हुई है। ऐसे में यूजीसी ने परीक्षाएं कराने के आदेश जारी कर दिए। इससे छात्रों की जान को खतरा है। इस परीक्षा को किसी हाल में आयोजित नहीं किया जाना चाहिए। आइसा अध्यक्ष चंडीगढ़ अमन रतिया ने कहा कि नए सत्र के लिए विद्यार्थी एडमिशन लेना चाहते हैं, लेकिन उनके परिवारों के पास फीस के लिए पैसे नहीं हैं। पढ़ाई का उनका सपना कैसे पूरा होगा। इसके लिए शिक्षण संस्थान ट्यूशन फीस न लें और हॉस्टल का किराया माफ करें। तमाम गरीब स्टूडेंट्स इसका लाभ लेंगे तो वह पढ़ाई कर पाएंगे। परिवार फीस की व्यवस्था नहीं कर पा रहे हैं। इसके लिए सरकार को सोचना चाहिए, लेकिन अब तक कुछ नहीं किया गया। कहा कि विद्यार्थियों के पढ़ने के सपने नहीं टूटने चाहिए। उन्होंने बताया कि विरोध के दौरान कई अन्य मांगें भी उठाई गई हैं। प्रदर्शन में फिजिकल डिस्टेंसिंग का पूरा पालन किया गया।