सात जनवरी को अदालत के बाहर से डॉक्टर को जबरन गाड़ी में उठाया
चंडीगढ़ पुलिस ने डाॅ. मोहित धवन के खिलाफ केस दर्ज किया था। इस मामले में वह जमानत के लिए हाईकोर्ट गए। हाईकोर्ट ने मोहित को 7 जनवरी 2022 को 11 बजे तक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश होने के आदेश दिए थे। डॉक्टर के अनुसार वे अदालत के मेन गेट पर पहुंचे तो बाहर से ही एएसआई अजमेर, विकास हुड्डा, अनिल और सुभाष ने जबरन उन्हें पकड़ लिया और गाड़ी में बिठाकर घुमाते रहे, जिसकी अदालत को भी जानकारी नहीं दी गई। अदालत में उनकी गैरमौजूदगी लगवाई गई। इस दौरान पुलिस ने मोहित को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस का तर्क था कि उनके खिलाफ सेक्टर-19 पुलिस थाने में धोखाधड़ी का केस दर्ज हुआ था, जिसमें उन्हें गिरफ्तार किया गया था। डाॅक्टर के अपहरण का मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने डाॅ. धवन के आरोपों की जांच के लिए सीबीआई को जांच करने के आदेश दिए थे।
सेखों पर आय से अधिक संपत्ति का मामला भी है दर्ज
इंस्पेक्टर सेखों का नाम पिछले साल रिश्वत मामले में सामने आया था, जिसमें सीबीआई ने चंडीगढ़ पुलिस के दो कांस्टेबल और दो कारोबारियों को गिरफ्तार किया था। सीबीआई को सेखों के खिलाफ सबूत नहीं मिले थे। इस मामले के कुछ महीनों बाद सीबीआई ने सेखों और उनकी पत्नी के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का केस दर्ज कर लिया था। सीबीआई ने उनकी आय और खर्चों के संबंध में एक फरवरी 2017 से 28 फरवरी 2021 तक की अवधि की जांच की थी। सीबीआई जांच में सामने आया था कि इन चार वर्षों में उनकी संपत्ति में आय से 80.30 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई थी।