लावारिस सांड़ दिन-ब दिन घातक होते जा रहे हैं। दो दिन पहले सांड़ का सींग पेट में लगने से घायल महिला ने बुधवार को दम तोड़ दिया। तोशाम बाईपास पर हुए सड़क हादसे में भी महिला सांड़ों को देख पहले ही सड़क टर्न कर रही थी। इतना ही नहीं चांग में सांड़ों की लड़ाई की चपेट में आकर दो युवक घायल हो गए। प्रशासनिक अधिकारी सप्ताहभर में सांड़ों को पकड़ने का अभियान शुरू करने की बात कह रहे हैं। लेकिन इतने समय में ये सांड़ कितनों को अस्पताल पहुंचाएंगे सिर्फ अंदाजा ही लगाया जा सकता है।
इसी महीने एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने जिला प्रशासनिक अधिकारियों को एक महीने के अंदर सड़कों से लावारिस पशुओं को हटा गोशाला में छोड़ने के निर्देश दिए थे। कोर्ट के फैसले में यह भी था कि इस दौरान भी यदि लावारिस पशु किसी को चोट या नुकसान पहुंचाते है तो वह नगर परिषद व जिला प्रशासन पर हर्जाने के लिए दावा कर सकता है। जिलेभर में करीब साढ़े नौ हजार लावारिस पशु लोगों के लिए परेशानी बने हैं और हर रोज हादसों का सबब बन रहे हैं।