गरीब कल्याण और गांवों के विकास पर केंद्रित रहेगा बजट
सीएम मनोहर लाल बोले- सांसदों व विधायकों को पत्र लिखकर मांगे हैं सुझाव
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा विधानसभा का बजट सत्र 20 फरवरी से शुरू होगा, जो दो चरणों में होगा। सरकार 23 फरवरी को बजट पेश कर सकती है। इसके लिए सरकार ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। यह बजट मनोहर सरकार के कार्यकाल का आखिरी बजट होगा। इस नाते उनका बजट मुख्य रूप से गरीब कल्याण से संबंधित योजनाओं पर केंद्रित रहेगा। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने बताया कि इस बार का बजट गरीबों के हित में होगा। हमने गांवों की मैपिंग करवाई है, जिन गांवों में खेल सुविधाएं कम है। वहां बढ़ाई जाएंगी। सीएम ने बताया कि उन्होंने पिछली बार की दफा इस बार भी सभी सांसदों-विधायकों से सुझाव मांगे हैं। इसके लिए उन्हें पत्र भी लिखा जा चुका है, जो भी उनके सुझाव होंगे। उस पर विचार-विमर्श करने के बाद उसे शामिल किया जाएगा।
वहीं, बजट की तारीखों पर अंतिम मुहर लगाने के लिए हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष ने बिजनेस एडवाइजरी कमेटी की बैठक 18 फरवरी को बुलाई है। बैठक में मुख्यमंत्री मनोहर लाल, विपक्ष के नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा, डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला और विधानसभा अध्यक्ष ज्ञान चंद गुप्ता शिरकत करेंगे। बैठक में ही बजट की तारीखों पर मुहर लगेगी। वहीं, सरकार का पिछले साल का बजट 1,83,950 करोड़ रुपये का था। इस बार अंदेशा जताया जा रहा है कि सरकार बजट को बढ़ा सकती है।
कांग्रेस ने रणनीति बनाने के लिए सात को बुलाई बैठक
बजट सत्र को लेकर कांग्रेस ने भी तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी ने सात फरवरी को विधायक दल की बैठक बुलाई है। बैठक में भूपेंद्र सिंह हुड्डा अपने विधायकों के साथ रणनीति तैयार करेंगे। कांग्रेस नेताओं ने बताया कि पार्टी कर्ज को लेकर सरकार को विधानसभा में घेरने का काम करेगी। वहीं, इसके साथ पार्टी बेरोजगारी के मुद्दे पर भी सरकार को घेरेगी। पार्टी का कहना है कि यह बजट इस सरकार के कार्यकाल का आखिरी बजट सेशन है, इसलिए पार्टी हर मुद्दे पर सरकार से जवाब चाहेगी।
शर्मा ने विशेष कपड़े पहनकर जाने की स्वीकृति मांगी, अध्यक्ष ने मना किया
कांग्रेस विधायक नीरज शर्मा ने बुधवार को विधानसभा अध्यक्ष ज्ञान चंद गुप्ता को फोन कर सदन में सरकार के विरोध में पहने कपड़ों के साथ सदन में आने की अनुमति मांगी, मगर विधानसभा अध्यक्ष ने उन्हें ऐसा करने से मना कर दिया। उन्होंने कहा कि यदि शर्मा वहीं कपड़े पहनकर आते हैं तो उन्हें सदन में आने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि सदन की गरिमा व मर्यादा को बनाए रखना विधायकों की जिम्मेदारी होती है। सदन को मजाक का पात्र न बनाया जाए। पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि नीरज शर्मा को ऐसे कपड़े पहनकर विधानसभा में नहीं जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि वह विधान भवन की गरिमा का ध्यान रखेंगे।