चंडीगढ़। सेक्टर-26 मंडी में फल-सब्जी के आढ़तियों ने मंगलवार को प्रदर्शन कर प्रशासन से न्याय की मांग की। एस्टेट ऑफिस की तरफ से सोमवार को बिना सूचना के उनके शेड तोड़ दिए गए। इसे बाद से आढ़तियों में काफी आक्रोश है। उनका कहना है कि मानकों को दरकिनार कर मनमानी की गई। उनकी दुकानों के आगे बने टीन शेड तोड़ने के साथ ही वहां पड़ा सारा माल उठा लिया गया। इस दौरान काफी माल का नुकसान हुआ, जिसकी भरपाई हर हाल में होनी चाहिए। आढ़तियों ने मंडी के प्रशासक से मांग की है कि वह बिना सूचना कार्रवाई करने वालों पर तत्काल एफआईआर दर्ज कराएं व उनके नुकसान की आपूर्ति करवाएं नहीं तो वह शुक्रवार से फल व सब्जी की आपूर्ति बंद कर हड़ताल पर चले जाएंगे। मंडी के फल एवं सब्जी आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान बृजमोहन राजू ने बताया कि कार्रवाई करने के दौरान जिन 10 अधिकारियों की मौजूदगी अनिवार्य होती है, उसमें से सिर्फ एक की उपस्थिति में शेड तोड़ा गया है, जो पूरी तरह से गलत था। वहीं, पुराने डीसी के 28 अक्तूबर के किए गए आदेश पर अभी कार्रवाई करने का मतलब भी समझ में नहीं आ रहा है। जब डीसी बदल गए तो पुराने आदेश का पालन अभी करके हमें परेशान करने का क्या मतलब है। उन्होंने बताया कि शुक्रवार तक अगर हमारी मांगों को पूरा नहीं किया गया तो मंडी में पंजीकृत फल एवं सब्जी के 170 दुकानों से आपूर्ति बंद कर दी जाएगी व सभी आढ़ती हड़ताल पर चले जाएंगे।